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History of India
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वर्ष 1857 के महान विद्रोह के दौरान लखनऊ और अवध क्षेत्र में हुए घटनाक्रम तथा वहाँ के प्रमुख नेतृत्वकर्ताओं—बेगम हजरत महल और मौलवी अहमदुल्लाह शाह—के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. अवध के नवाब वाजिद अली शाह को कुशासन के आधार पर अपदस्थ किए जाने के पश्चात बेगम हजरत महल ने अपने अल्पवयस्क पुत्र बिरjis कादिर को नवाब घोषित कर लखनऊ में विद्रोह की बागडोर संभाली और ब्रिटिश रेजिडेंसी की घेराबंदी का नेतृत्व किया।
  2. 2. 'फैजाबाद के डंका शाह' के रूप में प्रसिद्ध मौलवी अहमदुल्लाह शाह ने रोहिलखंड और अवध के सीमावर्ती क्षेत्रों में अंग्रेजों के विरुद्ध जिहाद का आह्वान किया तथा चिनहट के युद्ध में ब्रिटिश सेनाओं को पराजित करने में रणनीतिक भूमिका निभाई।
  3. 3. लखनऊ पर पुनः अधिकार प्राप्त करने के लिए ब्रिटिश सेनापति सर कॉलिन कैंपबेल और जनरल आउट्राम ने गोरखा रेजिमेंट की सहायता ली, और पराजय के उपरांत बेगम हजरत महल ने नेपाल की तराई में शरण ली जहाँ वर्ष 1879 में उनका निधन हो गया, जबकि अहमदुल्लाह शाह को धोखे से मार दिया गया था।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

Detailed Explanation

वर्ष 1857 के महान विद्रोह के दौरान लखनऊ और अवध में बेगम हजरत महल और मौलवी अहमदुल्लाह शाह ने अत्यधिक शौर्य और नेतृत्व का परिचय दिया। बेगम हजरत महल ने अपने अल्पवयस्क पुत्र बृजिश कादिर को गद्दी पर बैठाकर लखनऊ में विद्रोह का नेतृत्व किया और ब्रिटिश रेजिडेंसी की घेराबंदी की। 'फैजाबाद के मौलवी' के नाम से विख्यात अहमदुल्लाह शाह एक महान रणनीतिकार थे जिन्होंने चिनहट के युद्ध (30 जून 1857) में हेनरी लॉरेंस के नेतृत्व वाली ब्रिटिश सेना को करारी शिकस्त दी थी। हालांकि, कथन 3 आंशिक रूप से गलत है क्योंकि बेगम हजरत महल ने नेपाल में शरण ली थी, किंतु उनका निधन वहाँ 1879 के आसपास हुआ, लेकिन ब्रिटिश सेनापति सर कॉलिन कैंपबेल ने अंततः लखनऊ पर पुनः अधिकार कर लिया था। इस विद्रोह के ऐतिहासिक घटनाक्रम के बारे में अधिक जानने के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
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→ वर्ष 1942 के 'भारत छोड़ो आंदोलन' और नेताजी सुभाष चंद्र बोस के नेतृत्व में गठित 'आज़ाद हिंद फौज' (INA) के वैचारिक व ऐतिहासिक परिदृश्य के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान जब मुख्यधारा के अधिकांश वरिष्ठ कांग्रेसी नेता जेल में बंद थे, तब भूमिगत (Underground) नेटवर्क का संचालन करने वाले समाजवादी नेताओं—जैसे जयप्रकाश नारायण, अच्युत पटवर्धन, अरुणा आसफ अली और राममनोहर लोहिया—ने सशस्त्र प्रतिरोध और तोड़फोड़ की गतिविधियों को संगठित किया था। 2. सुभाष चंद्र बोस ने सिंगापुर में वर्ष 1943 में 'आज़ाद हिंद सरकार' (Arzi Hukumat-e-Azad Hind) की स्थापना करने के उपरांत अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का नियंत्रण प्राप्त किया और उनका नाम क्रमशः 'शहीद द्वीप' तथा 'स्वराज द्वीप' रखा था। 3. भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान महात्मा गांधी ने 'करो या मरो' (Do or Die) का नारा दिया था, और इसी दौरान सुभाष चंद्र बोस ने जर्मनी से रेडियो प्रसारण के माध्यम से गांधी जी को आधिकारिक रूप से सर्वप्रथम 'राष्ट्रपिता' (Father of the Nation) संबोधित किया था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? → वर्ष 1857 के महान विद्रोह के दौरान बिहार में वीर कुंवर सिंह और उनके भाई अमर सिंह द्वारा संचालित संघर्ष के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. वीर कुंवर सिंह ने जगदीशपुर के अपने पैतृक किले से ब्रिटिश सेना के खिलाफ सशस्त्र संघर्ष का नेतृत्व किया तथा दानापुर से आए सैनिकों के साथ मिलकर आरा (शाहबाद) में ब्रिटिश सेनाओं को पराजित किया, और बाद में अपने सैन्य कौशल का परिचय देते हुए गंगा नदी पार कर उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों (जैसे आजमगढ़ और कानपुर) तक सफल सैन्य अभियान चलाया। 2. वीर कुंवर सिंह की मृत्यु के पश्चात उनके भाई अमर सिंह ने जगदीशपुर के जंगलों से अंग्रेजों के विरुद्ध गुरिल्ला (छापामार) युद्ध का सफल नेतृत्व जारी रखा और शाहबाद क्षेत्र में एक समानांतर प्रशासनिक व्यवस्था स्थापित कर दी थी, जिसे कुचलने के लिए अंग्रेजों को भारी सैन्य बल का उपयोग करना पड़ा था। 3. अमर सिंह द्वारा संचालित इस गोरिल्ला प्रतिरोध को ब्रिटिश सरकार द्वारा पूर्णतः समाप्त करने के उपरांत उन्हें गिरफ्तार कर कलकत्ता के अलीपुर जेल में फांसी दे दी गई थी, जहाँ वर्ष 1860 में उनकी मृत्यु हो गई थी। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? → वर्ष 1928 में दिल्ली के फिरोजशाह कोटला मैदान में स्थापित 'हिंदुस्तान सोशलिस्ट रिपब्लिकन एसोसिएशन' (HSRA) और इसके क्रांतिकारी कार्यक्रमों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. इस संगठन के गठन में चंद्रशेखर आजाद, भगवती चरण बोहरा और सुखदेव थापर की प्रमुख भूमिका थी, तथा इसका मुख्य उद्देश्य सोवियत संघ की तर्ज पर समाजवादी विचारों के आधार पर भारत में 'संघीय गणराज्य' की स्थापना करना था। 2. ब्रिटिश पुलिस अधिकारी जे.पी. सांडर्स की हत्या (लाला लाजपत राय की मृत्यु का बदला लेने हेतु) और वर्ष 1929 की केंद्रीय विधानसभा बम कांड जैसी घटनाओं को अंजाम देने में इसी संगठन के क्रांतिकारियों ने मुख्य भूमिका निभाई थी। 3. भगवती चरण बोहरा द्वारा रचित प्रसिद्ध दस्तावेज 'द फिलॉसफी ऑफ द बॉम्ब' (बम का दर्शन) ने क्रांतिकारियों की हिंसात्मक कार्यवाहियों का पुरजोर समर्थन करते हुए यह स्पष्ट किया कि हिंसा ही केवल ब्रिटिश साम्राज्यवाद को उखाड़ फेंकने का एकमात्र साधन है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? → वर्ष 1857 के महान विद्रोह के उदय के लिए उत्तरदायी राजनीतिक, सामाजिक, धार्मिक और आर्थिक कारणों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. लॉर्ड डलहौजी के 'व्यपगत सिद्धांत' (Doctrine of Lapse) के तहत जहाँ सतारा, नागपुर और झाँसी का विलय किया गया, वहीं वर्ष 1856 में अवध का विलय नवाब वाजिद अली शाह पर कुशासन (Misgovernance) का झूठा आरोप लगाकर किया गया था, जिससे अवध के सैनिक जो सेना का मुख्य आधार थे, अत्यंत आहत हुए। 2. ब्रिटिश आर्थिक नीतियों के परिणामस्वरूप पारंपरिक भारतीय हस्तशिल्प और वस्त्र उद्योगों का पतन हुआ, जिससे कारीगरों और बुनकरों की आजीविका छिन गई, जबकि अंग्रेजों द्वारा थोपी गई कठोर भू-राजस्व प्रणालियों ने किसानों को साहूकारों और महाजनों के चंगुल में फँसा दिया। 3. वर्ष 1850 में पारित 'धार्मिक निर्योग्यता अधिनियम' (Religious Disabilities Act) के माध्यम से पैतृक संपत्ति में उत्तराधिकार के प्राचीन हिंदू कानूनों में संशोधन किया गया, जिसके तहत धर्म परिवर्तन कर ईसाई बनने वाले व्यक्ति को पैतृक संपत्ति से वंचित न रखने का प्रावधान किया गया, जिसे भारतीयों ने धर्म परिवर्तन का षड्यंत्र माना। 4. सेना के भीतर नस्लीय भेदभाव, भारतीय सिपाहियों को यूरोपीय सैनिकों की तुलना में अत्यंत कम वेतन और भत्ते मिलना, तथा वर्ष 1856 के 'सामान्य सेवा Enlistment अधिनियम' (General Service Enlistment Act) द्वारा नए रंगरूटों के लिए समुद्र पार सेवा देना अनिवार्य करना, विद्रोह के तात्कालिक और दीर्घकालिक कारणों में शामिल थे। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? → मुगल काल में "खुलासत-उत-तवारीख" के लेखक कौन हैं? → महाभारत का फारसी अनुवाद "रज़्मनामा" किसके निर्देशन में किया गया था?
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