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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'सृजनात्मकता' (Creativity) और 'चिंतन प्रक्रिया' के संदर्भ में, ग्राहम वालेस (Graham Wallas) द्वारा प्रतिपादित 'सृजनात्मक चिंतन के चार चरण'—'तैयारी' (Preparation), 'उद्भावन/प्रभवन' (Incubation), 'प्रदीप्ति/अंतर्दृष्टि' (Illumination), और 'सत्यापन/मूल्यांकन' (Verification)—के वैज्ञानिक स्वरूप, तथा जे.पी. गिलफोर्ड (J.P. Guilford) द्वारा प्रतिपादित 'अपसारी चिंतन' (Divergent Thinking) के प्रमुख घटकों—'धाराप्रवाह' (Fluency), 'लचीलापन' (Flexibility), 'मौलिकता' (Originality), और 'विस्तार' (Elaboration)—के पारस्परिक अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
व्याख्या: ग्राहम वालेस (1926) द्वारा प्रतिपादित सृजनात्मक चिंतन के चार चरणों में 'उद्भावन' (Incubation) एक अत्यंत महत्वपूर्ण अचेतन (Unconscious) मानसिक प्रक्रिया है, जिसमें व्यक्ति समस्या पर सीधे तौर पर काम करना बंद कर देता है, लेकिन मस्तिष्क के भीतर विचारों का पुनर्गठन और प्रसंस्करण जारी रहता है। यह चरण जे.पी. गिलफोर्ड के 'अपसारी चिंतन' (Divergent Thinking) के प्रमुख घटकों—विशेषकर 'लचीलापन' (Flexibility) और 'मौलिकता' (Originality)—को विकसित करने और नए अनूठे समाधानों को सतह पर लाने में उत्प्रेरक का कार्य करता है। अत: विकल्प (a) सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि के त्रि-आयामी सिद्धांत' (Structure of Intellect Model) के संदर्भ में, अमेरिकी मनोवैज्ञानिक जे.पी. गिलफोर्ड (J.P. Guilford) द्वारा प्रतिपादित मॉडल के अंतर्गत बौद्धिक योग्यताओं के तीन आयामों—'संक्रियाएँ' (Operations), 'विषय-वस्तु' (Contents), और 'उत्पाद' (Products)—के वैज्ञानिक वर्गीकरण और उनके कुल स्वतंत्र कारकों की संख्या के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'स्मृति और विस्मरण (Memory and Forgetting) के न्यूरो-संज्ञानात्मक सिद्धांतों' के संदर्भ में, हरमन एबिंगहॉस (Hermann Ebbinghaus) द्वारा प्रतिपादित 'विस्मरण वक्र' (Forgetting Curve) के अंतर्गत 'संवेदी स्मृति से अल्पकालिक और दीर्घकालिक स्मृति में कूटलेखन' (Encoding from Sensory to Short-term and Long-term Memory) के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'हिप्पोकैम्पस' (Hippocampus), 'अमिकडाला' (Amygdala) और 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex) के बीच सिनैप्टिक समेकन (Synaptic Consolidation), न्यूरोनल प्लास्टिसिटी और रेट्रोग्रेड एमनेशिया की सक्रियण गतिकी, तथा रिचर्ड एटकिंसन (Richard Atkinson) और रिचर्ड शिफ्रिन (Richard Shiffrin) द्वारा प्रतिपादित 'सूचना संसाधन मॉडल' (Information Processing Model: सेंसरी रजिस्टर, वर्किंग मेमोरी, और लॉन्ग-टर्म स्टोर) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, संज्ञानात्मक शिक्षाशास्त्र (Cognitive Pedagogy) और विद्यार्थियों में सार्थक अधिगम, स्मृति सुदृढ़ीकरण व दीर्घकालिक सूचना पुनरुत्पादन के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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पर्यावरण अध्ययन (EVS) के अंतर्गत, पारिस्थितिकी तंत्र (Ecosystem) में ऊर्जा के प्रवाह और पोषण स्तरों (Trophic Levels) से संबंधित 'लिंडमैन का 10 प्रतिशत का नियम' (Lindeman's 10 Percent Law) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. इस नियम के अनुसार, एक पोषण स्तर से दूसरे पोषण स्तर पर स्थानांतरित होने वाली ऊर्जा का मात्र 10 प्रतिशत भाग ही अगले स्तर के जीवों के शरीर में संचित होता है। 2. ऊर्जा का यह क्षس मुख्य रूप से श्वसन, ऊष्मा के रूप में ह्रास और उपापचय (Metabolism) क्रियाओं के कारण होता है। 3. इस नियम के कारण ही पारिस्थितिकी तंत्र में पोषण स्तरों की संख्या आमतौर पर 4 या 5 तक सीमित होती है, क्योंकि उच्च पोषण स्तरों पर ऊर्जा इतनी कम बचती है कि जीव का जीवित रहना असंभव हो जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक स्वरूप और अपवाह तंत्र (Drainage System) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश के मैदानी भाग में प्रवाहित होने वाली अधिकांश नियाँ (जैसे- गंगा, यमुना, गोमती और घाघरा) हिमालयी या मैदानी उद्गम वाली हैं, जिनमें गोमती नदी का उद्गम पीलीभीत जिले की फुलहर झील (माधोटाट) से होता है और यह एकमात्र ऐसी नदी है जो मैदानी तल से निकलती है।
2. बुंदेलखंड के पठारी क्षेत्र से बहने वाली नदियाँ (जैसे- चंबल, बेतवा, केन और टोंस) दक्षिण से उत्तर की ओर प्रवाहित होती हैं और यमुना या सीधे गंगा नदी में मिलती हैं, तथा इन नदियों द्वारा क्षेत्र में 'बीहड़' (Ravines) का निर्माण किया गया है।
3. सोन नदी उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर और सोनभद्र जिलों से होकर बहने वाली एक प्रमुख नदी है, जो गंगा की एक सीधी सहायक नदी है और यह अपने मार्ग में रिहन्द बाँध जैसी बहुउद्देशीय परियोजनाओं का जल पोषण करती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक स्वरूप और जलवायु के संदर्भ में, राज्य में ग्रीष्मकाल के दौरान चलने वाली अत्यधिक गर्म, शुष्क और धूलभरी हवाओं (लू) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन भौगोलिक एवं मौसमी दृष्टिकोण से सर्वाधिक उपयुक्त और तार्किक है?
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