BaalVikas
Menu
Child Development
Asked 1 month ago · Viewed 14 times

अधिगम के स्थानांतरण (Transfer of Learning) के विभिन्न सिद्धांतों के अंतर्गत, ई.एल. थॉर्नाडाइक (E.L. Thorndike) द्वारा प्रतिपादित 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) तथा चार्ल्स जूड (Charles Judd) द्वारा प्रतिपादित 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization) का गहन मनोवैज्ञानिक और शिक्षण-शास्त्रीय विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों सिद्धांतों के मध्य पाए जाने वाले तात्विक और प्रक्रियात्मक अंतर को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है?

Detailed Explanation

अधिगम के स्थानांतरण के संदर्भ में ई.एल. थॉर्नाडाइक का 'समान तत्वों का सिद्धांत' यह स्पष्ट करता है कि एक परिस्थिति में सीखा गया ज्ञान या कौशल दूसरी परिस्थिति में तभी स्थानांतरित होता है जब दोनों परिस्थितियों में समान तत्व (Identical Elements) या समान पूर्व अनुभव मौजूद होते हैं। इसके विपरीत, चार्ल्स जूड का 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization) यह प्रतिपादित करता है कि स्थानांतरण किसी विशिष्ट वस्तु की समानता पर नहीं, बल्कि सीखे गए अनुभवों के सामान्यीकरण और सिद्धांतों के अमूर्तिकरण पर निर्भर करता है। इस विषय की विस्तृत जानकारी के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
Share:
अगला प्रश्न → विशिष्ट अधिगम अक्षमताओं (Specific Learning Disabilities) के अंतर्गत… ← पिछला प्रश्न अधिगम के वक्र (Learning Curves) के अंतर्गत 'नतोदर वक्र'…

Related Questions

→ विशिष्ट अधिगम अक्षमताओं (Specific Learning Disabilities) के अंतर्गत 'डिस्प्रैक्सिया' (Dyspraxia) से ग्रसित शिक्षार्थियों में संवेदी-पेशीय एकीकरण (Sensory-Motor Integration), मोटर प्लानिंग और गत्यात्मक समन्वय (Motor Coordination) की जटिलताओं का गहन मनोवैज्ञानिक व तंत्रिका-विज्ञान संबंधी विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इस विकासात्मक समन्वय विकार की वास्तविक तात्विक प्रकृति को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है? → शैक्षणिक मूल्यांकन (Educational Evaluation) के आधुनिक paradigms और सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) के फ्रेमवर्क के अंतर्गत, 'अधिगम के रूप में आकलन' (Assessment as Learning) और 'निदानात्मक आकलन' (Diagnostic Assessment) की क्रियात्मक प्रकृतियों का गहन शिक्षण-शास्त्रीय विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों के मध्य तात्विक और उद्देश्यपरक अंतर को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है? → विशिष्ट अधिगम अक्षमताओं (Specific Learning Disabilities) के अंतर्गत 'डिस्लेक्सिया' (Dyslexia) से ग्रसित शिक्षार्थियों में मस्तिष्क के तंत्रिका-विज्ञान संबंधी (Neurological) और दृश्य-श्रव्य प्रसंस्करण (Visuo-Auditory Processing) की जटिलताओं का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इस विकासात्मक पठन विकार की वास्तविक तात्विक प्रकृति को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है? → सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के अंतर्गत, 'फैलिस चरण' (Phallic Stage) के दौरान उत्पन्न होने वाली 'ओडिपस ग्रंथि' (Oedipus Complex) और 'इलेक्ट्रा ग्रंथि' (Electra Complex) की संकल्पनाओं का गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, इस चरण की तात्विक और विकासात्मक प्रकृति के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है? → निम्नलिखित में से कौन सा कथन विकास के 'समीप - दूराभिमुख' सिद्धांत का प्रतिनिधित्व करता है? → लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना करते हुए कैरोल गिलिगन ने यह तर्क दिया कि कोहलबर्ग के मूल अध्ययन में केवल पुरुषों को शामिल किए जाने के कारण उनका सिद्धांत 'न्याय के दृष्टिकोण' (Justice Perspective) पर अत्यधिक बल देता है, जबकि महिलाओं का नैतिक विकास 'देखभाल और संबंधों के दृष्टिकोण' (Care and Perspective) पर आधारित होता है। इस वैचारिक भिन्नता और कोहलबर्ग के सिद्धांत के अंतिम स्तर (सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास) तथा गिलिगन के देखभाल के नैतिकता के चरणों के बीच के अंतर्संबंध का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.