गार्डनर: बहुबुद्धि
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बुद्धि (Intelligence) के विभिन्न सिद्धांतों के अंतर्गत, चार्ल्स स्पीयरमैन (Charles Spearman) के 'द्वि-कारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory) और हॉवर्ड गार्डनर (Howard Gardner) के 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) का गहन विश्लेषण करने पर, स्पीयरमैन द्वारा प्रतिपादित सामान्य बुद्धि (g-factor) और विशिष्ट बुद्धि (s-factor) की अवधारणा तथा गार्डनर द्वारा प्रतिपादित स्वतंत्र बुद्धियों के स्वरूप के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
चार्ल्स स्पीयरमैन ने 1904 में अपने द्वि-कारक सिद्धांत का प्रतिपादन किया था, जिसके अनुसार बुद्धि दो कारकों से मिलकर बनी है—सामान्य कारक (g-factor) जो जन्मजात और सार्वभौमिक होता है, तथा विशिष्ट कारक (s-factor) जो अनुभव और प्रशिक्षण द्वारा अर्जित किया जाता है। इसके विपरीत, हॉवर्ड गार्डनर ने 1983 में विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार बहु-बुद्धि सिद्धांत का प्रतिपादन किया, जिसमें उन्होंने यह माना कि बुद्धियाँ एक एकल इकाई न होकर कई स्वतंत्र और विशिष्ट प्रकार की होती हैं (जैसे भाषाई, तार्किक-गणितीय, संगीतात्मक, आदि)। अतः विकल्प 'a' इन दोनों सिद्धांतों के वैज्ञानिक और तात्विक स्वरूप को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है।
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रॉबर्ट स्टर्नबर्ग (Robert Sternberg) द्वारा प्रतिपादित बुद्धि के 'त्रितंत्र…
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बुद्धि के सिद्धांतों के संदर्भ में, हॉवर्ड गार्डनर (Howard…
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गार्डनर के बहु-बुद्धि सिद्धांत (Theory of Multiple Intelligences) और स्पीयरमैन के द्विकारक सिद्धांत (Two-Factor Theory) का गहन तुलनात्मक एवं मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, यदि कोई शिक्षार्थी किसी संगीत रचना को तुरंत स्वरबद्ध करने, स्थानिक चित्रों को मानसिक रूप से घुमाने और अपने शरीर की गतियों पर सूक्ष्म नियंत्रण रखने में असाधारण रूप से सक्षम है, तो हॉवर्ड गार्डनर द्वारा प्रतिपादित बुद्धियों के प्रकारों (जैसे संगीतात्मक, स्थानिक और शारीरिक-गतिक बुद्धि) और साइकोमेट्रिक बुद्धि परीक्षणों के दृष्टिकोण से निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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बुद्धि के सिद्धांतों के संदर्भ में, हॉवर्ड गार्डनर द्वारा प्रतिपादित 'बहुबुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) तथा स्पीयरमैन के 'द्विकारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory of Intelligence) के तात्विक, संरचनात्मक और मनोवैज्ञानिक आधारों का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, इन दोनों सिद्धांतों के मध्य पाए जाने वाले मौलिक अंतरों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?
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चार्ल्स स्पीयरमैन (Charles Spearman) के 'द्विकारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory of Intelligence) तथा हॉवर्ड गार्डनर (Howard Gardner) के 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) के तात्विक, पदानुक्रमित संरचना और मनोवैज्ञानिक आधारों का गहन विश्लेषण करने पर, इन दोनों सिद्धांतों के मध्य पाए जाने वाले मूलभूत अंतरों और मान्यताओं के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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बुद्धि के सिद्धांतों और उनके मापन के इतिहास का सूक्ष्म विश्लेषण करते हुए, चार्ल्स स्पीयरमैन के 'द्विकारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory), हॉवर्ड गार्डनर के 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences), तथा अल्फ्रेड बिने द्वारा विकसित प्रथम बुद्धि परीक्षण (Binet-Simon Scale, 1905) की तात्विक और क्रियात्मक गतिकी के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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हावर्ड गार्डनर (Howard Gardner) द्वारा प्रतिपादित 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) के अंतर्गत, निम्नलिखित में से कौन-सी बुद्धि उन व्यक्तियों में सबसे अधिक मात्रा में पाई जाती है जो प्राकृतिक दुनिया के प्रति अत्यधिक संवेदनशील होते हैं, वनस्पतियों, जीवों और पर्यावरण के विभिन्न स्वरूपों को सूक्ष्मता से पहचानते हैं और उनका वर्गीकरण करने की उच्च क्षमता रखते हैं?
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हावर्ड गार्डनर (Howard Gardner) के 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) तथा स्टर्नबर्ग के 'त्रितंत्र सिद्धांत' (Triarchic Theory of Intelligence) का तुलनात्मक और गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गार्डनर द्वारा प्रतिपादित 'बुद्धि के स्वरूप' और उनके पारंपरिक बुद्धि मापन से भिन्न दृष्टिकोण को सर्वाधिक सटीक रूप से स्पष्ट करता है?
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बुद्धि (Intelligence) के सिद्धांतों के अंतर्गत हॉवर्ड गार्डनर द्वारा प्रतिपादित 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) तथा रॉबर्ट स्टर्नबर्ग के 'त्रितंत्र सिद्धांत' (Triarchic Theory of Intelligence) का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई मनोवैज्ञानिक यह मूल्यांकन करना चाहे कि एक व्यक्ति में न केवल अमूर्त चिंतन और तार्किक क्षमता प्रबल है, बल्कि वह अपनी भावनाओं, सामाजिक अंतःक्रियाओं और अंतःवैयक्तिक संबंधों को प्रबंधित करने में भी अत्यंत कुशल है, तो स्टर्नबर्ग के 'व्यावहारिक बुद्धि' (Practical Intelligence) या 'संदर्भगत उप-सिद्धांत' (Contextual Sub-theory) तथा गार्डनर की 'सांवेगिक' अथवा व्यक्तिगत बुद्धियों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प इन दोनों सिद्धांतों के बीच सबसे सटीक अंतर या पूरकता को दर्शाता है?
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गार्डनर (Howard Gardner) के बहु-बुद्धि सिद्धांत (Theory of Multiple Intelligences) तथा स्टर्नबर्ग (Robert Sternberg) के त्रैत सिद्धांत (Triarchic Theory of Intelligence) का तुलनात्मक एवं मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, गार्डनर की 'प्राकृतिक बुद्धि' (Naturalistic Intelligence) और स्टर्नबर्ग के 'व्यावहारिक बुद्धि' (Practical Intelligence) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक सटीक एवं वैज्ञानिक व्याख्या प्रस्तुत करता है?
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