त्वरित लिंक्स
History of India
12 views
जहाँगीर के शासनकाल में 1626 ई. में किसने विद्रोह कर सुल्तान को झेलम नदी के तट पर बंदी बना लिया था?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
महाबत खाँ ने जहाँगीर को बंदी बना लिया था।
Related Questions
→
मौर्य साम्राज्य के सम्राट चंद्रगुप्त मौर्य और अशोक के शासनकाल तथा उनकी प्रशासनिक एवं धार्मिक नीतियों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. जैन परंपरा के अनुसार, अपने शासन के अंतिम वर्षों में चंद्रगुप्त मौर्य ने भीषण अकाल के समय भद्रबाहु के प्रभाव में आकर जैन धर्म दीक्षा ली और श्रवणबेलगोला में संलेखना (संथारा) पद्धति द्वारा अपने प्राण त्याग दिए थे।
2. अशोक के 'भाब्रू (बैराट) लघु शिलालेख' से यह स्पष्ट रूप से प्रमाणित होता है कि उनका व्यक्तिगत झुकाव बौद्ध धर्म की त्रिरत्न (बुद्ध, धम्म और संघ) में अटूट आस्था और निष्ठा के प्रति था।
3. अशोक के धम्म महामात्रों की नियुक्ति का मुख्य उद्देश्य विभिन्न सामाजिक वर्गों के बीच धार्मिक सहिष्णुता को बढ़ावा देना था, और धम्म नीति के अंतर्गत उन्होंने पशु-बलि पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के साथ-साथ केवल शाकाहारी भोजन को अनिवार्य कर दिया था।
4. यूनानी इतिहासकार प्लूटार्क और जस्टिन के विवरणों के अनुसार, चंद्रगुप्त मौर्य ने अपनी विशाल सेना (जिसमें छह लाख सैनिक शामिल थे) के बल पर संपूर्ण भारत को रौंद डाला और यूनानी क्षत्रप सेलुकस निकेटर को पराजित कर एरिया, अराकोसिया, जेड्रोसिया और पैरोपैनिसाडाई के प्रदेश प्राप्त किए थे।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
भक्ति आंदोलन और सूफी सिलसिले के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. दक्षिण भारत के अलवार (विष्णु भक्त) और नयनार (शिव भक्त) संतों ने प्रारंभिक भक्ति आंदोलन को लोकप्रिय बनाया, और इन्होंने अपनी रचनाओं में जाति व्यवस्था की कठोरता का समर्थन करते हुए केवल उच्च वर्ण के लोगों को ही भक्ति का अधिकार दिया।
2. सूफी संत शेख मुइनुद्दीन चिश्ती ने भारत में चिश्ती सिलसिले की नींव रखी और अजमेर को अपना मुख्य केंद्र बनाया, जहाँ उनकी दरगाह पर सल्तनत काल से लेकर आज तक सभी वर्गों के लोग श्रद्धासुमित अर्पित करते आए हैं।
3. उत्तर भारत में रामभक्ति शाखा के प्रमुख कवि तुलसीदास ने 'रामचरितमानस' की रचना अवधी भाषा में की, जो तत्कालीन समाज में लोक-कल्याण और मर्यादा पुरुषोत्तम राम के आदर्शों को स्थापित करने का माध्यम बनी।
4. सूफी संतों की जीवनशैली 'वह्दत-उल-वुजूद' (अस्तित्व की एकता) के दार्शनिक सिद्धांत से प्रभावित थी, जिसका अर्थ है कि सृष्टिकर्ता और उसकी रचना में कोई भेद नहीं है तथा सभी आत्माएं परमात्मा का ही अंश हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
भारत छोड़ो आंदोलन (1942) और आज़ाद हिंद फौज (INA) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 8 अगस्त 1942 को बॉम्बे के गोवालिया टैंक मैदान में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी द्वारा 'भारत छोड़ो' प्रस्ताव पारित किए जाने के तुरंत बाद, ऑपरेशन रुथलेस (Operation Ruthless) के तहत ब्रिटिश सरकार ने कांग्रेस के सभी शीर्ष नेताओं को रातों-रात गिरफ्तार कर नजरबंद कर दिया था।
2. भूमिगत गतिविधियों के संचालन के दौरान डॉ. राम मनोहर लोहिया, अच्युत पटवर्धन, अरुणा आसफ अली और उषा मेहता जैसे नेताओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिसमें उषा मेहता ने बॉम्बे से गुप्त रूप से 'कांग्रेस रेडियो' का प्रसारण कर जनमानस को संगठित किया।
3. सुभाष चंद्र बोस ने जनवरी 1941 में ब्रिटिश पहरे से बचकर 'ग्रेट एस्केप' (Great Escape) किया और पेशावर तथा काबुल के रास्ते बर्लिन पहुँचे, जहाँ उन्होंने जर्मन विदेश मंत्रालय के सहयोग से 'फ्री इंडिया सेंटर' की स्थापना की और 'इंडियन लीजन' का गठन किया।
4. सिंगापुर के पतन के बाद मोहन सिंह और जापानी मेजर इवाइची फुजिवारा के प्रयासों से भारतीय राष्ट्रवादियों और युद्धबंदियों को मिलाकर 'आज़ाद हिंद फौज' (INA) की नींव रखी गई, और बाद में सुभाष चंद्र बोस ने सिंगापुर में 'अर-हुकूमत-ए-आजाद हिंद' (आज़ाद हिंद सरकार) की स्थापना की घोषणा की।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
दिल्ली में 1857 के विद्रोह के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. मेरठ के सिपाहियों द्वारा 11 मई 1857 को दिल्ली पहुँचने के बाद, वृद्ध मुगल सम्राट बहादुर शाह जफर को अनिच्छा से ही सही, इस विद्रोह का प्रतीकात्मक सर्वोच्च नेता घोषित किया गया था।
2. वास्तविक सैन्य नेतृत्व और निर्णय लेने की शक्ति दिल्ली में 'कोर्ट ऑफ सोल्जर्स' (सैनिकों की अदालत) के पास थी, जिसमें विभिन्न रेजिमेंटों के दस निर्वाचित सैनिकों (छह इन्फैंट्री और चार कैवलरी से) की एक समिति शामिल थी।
3. ब्रिटिश सेनापति जॉन निकलसन के नेतृत्व में दिल्ली पर पुनः अधिकार करने के लिए चलाए गए अभियान के दौरान लेफ्टिनेंट हडसन ने हुमायूं के मकबरे से बहादुर शाह जफर को गिरफ्तार कर लिया और उनके पुत्रों की गोली मारकर हत्या कर दी थी।
4. मुकदमे के दौरान बहादुर शाह जफर ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को स्वीकार करते हुए अंग्रेजों के प्रति पूर्ण निष्ठा व्यक्त की और ब्रिटिश अदालत से माफी मांगते हुए अपनी पेंशन बहाल करने की गुहार लगाई थी।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
→
मुगलकालीन प्रशासनिक और सैन्य व्यवस्था के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. अकबर द्वारा प्रशासनिक सुधारों के तहत शुरू की गई 'मनसबदारी व्यवस्था' आंशिक रूप से मंगोलों की दशमलव पद्धति पर आधारित थी, जिसमें प्रत्येक मनसबदार को अपने पद के अनुसार 'जात' (व्यक्तिगत पद और वेतन) और 'सवार' (घुड़सवार सैनिकों की संख्या) का निर्धारण करना होता था।
2. जहांगीर के शासनकाल में चित्रकला अपने स्वर्ण युग पर थी, और इसी काल में नूरजहाँ ने एक शक्तिशाली राजनीतिक गुट ('जहाँगीर गुट' या ज्यूरी) का निर्माण किया था, जिसमें उनके पिता इत्तिमद उद्दौला और भाई आसफ खान शामिल थे।
3. शाहजहाँ के शासनकाल में स्थापत्य कला ने चरम सीमा को छुआ, किंतु इस काल में बर्नियर और ट्रैवर्नीयर जैसे विदेशी यात्रियों ने यह उल्लेख किया कि साम्राज्य की अत्यधिक केंद्रीकृत प्रशासनिक व्यवस्था और कृषि पर बढ़ते राजस्व बोझ के कारण किसानों की आर्थिक स्थिति बेहद दयनीय हो गई थी।
4. औरंगजेब द्वारा पुनः 'जिजिया' कर लगाया जाना तथा मंदिरों को तोड़ने की उसकी नीति केवल धार्मिक असहिष्णुता का परिणाम थी, और इस काल में मुगल साम्राज्य का कुल क्षेत्रफल अपने न्यूनतम स्तर पर आ गया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.