जीन पियाजे
Asked 2 months ago · Viewed 23 times
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत में 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Pre-operational Stage) के दौरान बच्चों में पाए जाने वाले 'अहमकेन्द्रिता' (Egocentrism) और लेव वाइगोत्स्की के सिद्धांत में वर्णित 'निजी वाक' (Private Speech) के बीच का सबसे सूक्ष्म और तार्किक वैचारिक अंतर निम्नलिखित में से कौन सा है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत में, पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था (लगभग 2 से 7 वर्ष) के दौरान 'अहमकेन्द्रिता' (Egocentrism) उस स्थिति को दर्शाती है जहाँ बच्चा यह मानता है कि दूसरे व्यक्ति उसके ही दृष्टिकोण, विचारों और भावनाओं को अनुभव कर रहे हैं। इसे पियाजे ने संज्ञानात्मक परिपक्वता की कमी माना है। इसके विपरीत, लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत में 'निजी वाक' (Private Speech) बच्चे द्वारा खुद से जोर-जोर से बोलकर अपने कार्यों को निर्देशित और विनियमित (Self-regulation) करने का एक महत्वपूर्ण उपकरण है, जो बाद में आंतरिक भाषण (Inner Speech) में बदल जाता है। इस विषय की विस्तृत जानकारी के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
अगला प्रश्न →
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, जब एक बच्चा नई सूचनाओं…
← पिछला प्रश्न
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत में 'औपचारिक…
Related Questions
→
लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत के अंतर्गत, 'निजी वाक' (Private Speech) की अवधारणा के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सबसे अधिक वैज्ञानिक और सटीक मनोवैज्ञानिक विश्लेषण प्रस्तुत करता है?
→
लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक विकास के सिद्धांत के अनुसार, बच्चों के संज्ञानात्मक विकास में भाषा की भूमिका का सूक्ष्म विश्लेषण करते समय, 'सामाजिक भाषण' (Social Speech), 'निजी भाषण' (Private Speech) और 'आंतरिक भाषण' (Inner Speech) के विकास क्रम और उनके तात्विक स्वरूप के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
प्रगतिशील शिक्षा (Progressive Education) और बाल-केन्द्रित शिक्षा के दार्शनिक एवं मनोवैज्ञानिक आधारों का गहन विश्लेषण करने पर, जॉन डेवी (John Dewey) के 'करके सीखना' (Learning by Doing) के सिद्धांत तथा जॉन पियाजे और लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-रचनावादी दृष्टिकोणों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से सत्य है?
→
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत तथा लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत के बीच तुलनात्मक और तात्विक विश्लेषण करने पर, यदि एक शिक्षक कक्षा में बच्चों के ज्ञान निर्माण की प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए 'पियाजे के आत्मसातीकरण-समायोजन' (Assimilation-Accommodation) के संज्ञानात्मक प्रतिमान तथा 'वाइगोत्स्की के मचान' (Scaffolding) एवं 'समीपस्थ विकास क्षेत्र' (ZPD) के सामाजिक ढांचे का एक एकीकृत उपयोग करता है, तो बच्चों के अधिगम और संज्ञानात्मक विकास के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, जब कोई बच्चा पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था (Pre-operational Stage) से मूर्त संक्रियात्मक अवस्था (Concrete Operational Stage) में प्रवेश करता है, तो उसके चिंतन में 'संरक्षण' (Conservation) और 'विकेंद्रीकरण' (Decentration) की योग्यता का विकास होता है। इस संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प पियाजे के 'संरक्षण' के विचार और उसकी विकास प्रक्रिया का सबसे सटीक विश्लेषणात्मक विवरण प्रस्तुत करता है?
→
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत में 'औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage) की सबसे महत्वपूर्ण और परिपक्व विशेषता 'परिकल्पित-निगमनात्मक तर्क' (Hypothetico-Deductive Reasoning) और 'अमूर्त चिंतन' (Abstract Thinking) है। यदि एक शिक्षक अपनी कक्षा में इस स्तर के विद्यार्थियों के सामने एक ऐसी जटिल समस्या रखता है जिसमें कई चर (Variables) एक साथ अंतःक्रिया कर रहे हैं, तो पियाजे के अनुसार इस अवस्था का एक किशोर समस्या समाधान के दौरान किस प्रकार की मुख्य संज्ञानात्मक रणनीति का प्रदर्शन करेगा?
→
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत में 'सेंट्रेशन' (Centration या केंद्रीकरण) की अवधारणा का तात्पर्य किस विकासात्मक सीमा से है?
→
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, जब कोई बच्चा अपनी पूर्व-स्थापित मानसिक संरचनाओं या स्कीमा में किसी नई पर्यावरणीय जानकारी को पूरी तरह से फिट करने में असमर्थ होता है, और इसके परिणामस्वरूप वह या तो अपने पुराने स्कीमा में महत्वपूर्ण बदलाव करता है या एक बिल्कुल नए स्कीमा का निर्माण करता है, तो पियाजे के इस संज्ञानात्मक अनुकूलन (Cognitive Adaptation) के तंत्र को किस नाम से जाना जाता है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.