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General Science
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मानव पोषण और जैव अणुओं (विटामिन, कार्बोहाइड्रेट तथा लिपिड) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. विटामिन 'ए' (रेटिनॉल) एक वसा-विलेय विटामिन है जो रोडोप्सिन (Visual purple) के संश्लेषण के लिए आवश्यक होता है, और इसकी कमी से 'रौbit's blindness' (रतौंधी) तथा कॉर्निया का शुष्कन (क्सैरोफथैल्मिया) जैसी बीमारियाँ होती हैं।
  2. 2. सुक्रोज एक अपचायक शर्करा (Reducing sugar) है जिसमें ग्लूकोज और फ्रक्टोज इकाइयाँ ग्लाइकोसाइडिक बंध द्वारा जुड़ी होती हैं, और यह फेहलिंग विलयन को अपचयित कर सकती है।
  3. 3. ट्राइग्लिसराइड्स (Triacylglycerols) ग्लिसरोल और तीन वसीय अम्ल अणुओं के एस्टर होते हैं, जो शरीर में ऊर्जा के उच्च घनत्व वाले संचय और ऊष्मीय इन्सुलेशन के रूप में कार्य करते हैं।
  4. 4. विटामिन 'सी' (एस्कॉर्बिक अम्ल) एक जल-विलेय विटामिन है जो कोलेजन प्रोटीन के संश्लेषण के लिए एक सह-एंजाइम के रूप में कार्य करता है, और इसकी गंभीर कमी से 'स्कर्वी' रोग हो जाता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है क्योंकि विटामिन ए (रेटिनॉल) एक वसा-विलेय विटामिन है जो आँखों के रेटिना में प्रकाश-संवेदी वर्णक रोडोप्सिन के निर्माण में मदद करता है। कथन 2 गलत है क्योंकि सुक्रोज (चीनी) एक 'अनपचायक शर्करा' (Non-reducing sugar) है, क्योंकि इसमें ग्लूकोज का एल्डिहाइड समूह और फ्रक्टोज का कीटोन समूह ग्लाइकोसाइडिक बंध बनाने में शामिल हो जाता है, जिससे वे फेहलिंग या टॉलेन अभिकर्मक को अपचयित करने के लिए स्वतंत्र नहीं रहते हैं। कथन 3 सही है क्योंकि ट्राइग्लिसराइड्स वसा और तेल के मुख्य घटक हैं जो ग्लिसरोल और वसीय अम्लों के एस्टर होते हैं तथा ऊर्जा संचय एवं तापीय कुचालक का कार्य करते हैं। विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार, कथन 4 भी सही है क्योंकि एस्कॉर्बिक अम्ल (विटामिन सी) कोलेजन के हाइड्रॉक्सिलेशन के लिए आवश्यक है, जिसकी कमी से स्कर्वी होता है।
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