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BPSC TRE 4.0
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मुद्रास्फीति (Inflation), केंद्रीय बैंकिंग नीतियों और भारत में केंद्र-राज्य वित्तीय संबंधों (Fiscal Federalism) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. जब भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) मौद्रिक नीति समिति (MPC) के माध्यम से 'रिवर्स रेपो रेट' (Reverse Repo Rate) में वृद्धि करता है, तो यह वाणिज्यिक बैंकों को अपनी अतिरिक्त तरलता (Liquidity) आरबीआई के पास पार्क करने के लिए प्रेरित करता है, जिससे अर्थव्यवस्था में मुद्रा आपूर्ति कम होती है और लागत-प्रेरित मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने में मदद मिलती है।
- 2. संविधान के अनुच्छेद 280 के तहत गठित 'वित्त आयोग' (Finance Commission) एक अर्ध-न्यायिक निकाय है, जो केंद्र और राज्यों के बीच करों (Taxes) के शुद्ध प्राप्तियों के वितरण की सिफारिश करने के साथ-साथ राज्यों को संचित निधि से सहायता अनुदान (Grants-in-aid) देने के सिद्धांतों का निर्धारण करता है।
- 3. माल और सेवा कर (GST) परिषद का गठन भारतीय संविधान के अनुच्छेद 279क के तहत किया जाता है, जिसकी अध्यक्षता केंद्रीय वित्त मंत्री करते हैं, और इस परिषद में केंद्र और राज्यों के बीच मतदान के वजन का अनुपात क्रमशः एक-तिहाई (1/3) और दो-तिहाई (2/3) होता है।
- 4. राजकोषीय घाटा (Fiscal Deficit) सरकार की कुल प्राप्तियों और कुल व्यय का वह अंतर है जिसमें उधार को शामिल नहीं किया जाता है, और जब सरकार इस घाटे को पूरा करने के लिए आरबीआई से सीधे ऋण लेती है (मुद्रीकृत घाटा), तो इससे अर्थव्यवस्था में मुद्रास्फीति का दबाव कम हो जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
कथन 1 असत्य है क्योंकि रिवर्स रेपो रेट में वृद्धि से अर्थव्यवस्था में तरलता कम जरूर होती है, किंतु यह मुख्य रूप से मांग-जनित मुद्रास्फीति (Demand-pull inflation) को नियंत्रित करने का उपकरण है, न कि लागत-प्रेरित मुद्रास्फीति (Cost-push inflation) का। कथन 2 सत्य है क्योंकि अनुच्छेद 280 के अंतर्गत वित्त आयोग का गठन केंद्र-राज्य वित्तीय संबंधों और करों के ऊर्ध्वाधर एवं क्षैतिज वितरण को तय करता है। कथन 3 सत्य है, अनुच्छेद 279क के तहत जीएसटी परिषद में केंद्र का मतभार 1/3 और राज्यों का कुल मतभार 2/3 होता है। कथन 4 असत्य है क्योंकि मुद्रीकृत घाटे (Monetized Deficit) से बाजार में मुद्रा की आपूर्ति बढ़ती है, जिससे मुद्रास्फीति का दबाव कम होने के बजाय बढ़ जाता है। अधिक अभ्यास के लिए बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा पोर्टल पर जाएँ।
Related Questions
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बिहार में स्वतंत्रता पूर्व और स्वतंत्रता के पश्चात हुए प्रमुख किसान आंदोलनों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. वर्ष 1930 के दशक के दौरान राहुल सांकृत्यायन ने छपरा (अहमदपुर) जिले से 'अहिल्यास्थान' के किसानों को संगठित करके 'अहमदपुर किसान आंदोलन' का नेतृत्व किया था और बाद में वे स्वामी सहजानंद सरस्वती के संपर्क में आकर किसान राजनीति में सक्रिय हो गए।
2. मुंगेर जिले में वर्ष 1932-33 के दौरान कार्यानंद शर्मा के नेतृत्व में 'बरहिया टाल आंदोलन' चलाया गया था, जिसका मुख्य उद्देश्य टाल क्षेत्रों की उपजाऊ जमीन पर किसानों के काश्तकारी अधिकारों की रक्षा करना और जमींदारों द्वारा वसूले जाने वाले अवैध लगान के विरुद्ध संघर्ष करना था।
3. बेगूसराय जिले के मुंगेर क्षेत्र में कार्यानंद शर्मा ने ही 'गेहूं और धान की कटाई' के समय बकाश्त भूमि पर अधिकार जमाने के लिए एक बड़ा किसान संघर्ष चलाया था, जिसमें अखिल भारतीय किसान सभा ने सक्रिय भूमिका निभाई थी।
4. चंपारण सत्याग्रह के सफल होने के बाद ब्रिटिश सरकार द्वारा वर्ष 1918 में 'चंपारण कृषि अधिनियम' (Champaran Agrarian Act) पारित किया गया था, जिसके तहत तीनकठिया प्रथा को कानूनी रूप से समाप्त कर दिया गया और बागान मालिकों द्वारा किसानों से वसूले गए अवैध धन का 50% हिस्सा वापस लौटाने का प्रावधान किया गया था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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भारत में किस राज्य का सर्वाधिक क्षेत्र घने पतझड़ वाले जंगल से घिरा है?
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अकार्बनिक रसायन के अंतर्गत संक्रमण धातुओं (Transition Metals) और उनके यौगिकों के गुणों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. संक्रमण धातुएँ और उनके अधिकांश यौगिक अनुचुंबकीय (Paramagnetic) प्रकृति के होते हैं, जिसका मुख्य कारण उनके डी-कक्षक (d-orbitals) में अयुग्मित इलेक्ट्रॉनों (Unpaired Electrons) की उपस्थिति है।
2. संक्रमण धातुएँ अपने डी-कक्षकों की रिक्तियों और परिवर्तनशील ऑक्सीकरण अवस्थाओं के कारण उत्कृष्ट उत्प्रेरक (Catalysts) के रूप में कार्य करती हैं, जैसे हेबर विधि में अमोनिया निर्माण के लिए प्रयुक्त आयरन (Fe)।
3. अंतराकाशी यौगिक (Interstitial Compounds) तब बनते हैं जब संक्रमण धातुओं के क्रिस्टल जालक में हाइड्रोजन, कार्बन या नाइट्रोजन जैसे छोटे अधातु परमाणु फँस जाते हैं, जिससे इन यौगिकों के गलनांक और क्वथनांक मूल धातु की तुलना में काफी कम हो जाते हैं।
4. संक्रमण धातुओं द्वारा रंगीन आयनों का निर्माण मुख्य रूप से 'd-d संक्रमण' (d-d transition) के कारण होता है, जब अयुग्मित इलेक्ट्रॉन दृश्य प्रकाश क्षेत्र से ऊर्जा अवशोषित कर उच्च ऊर्जा स्तर पर स्थानांतरित होते हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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अमलगम किसकी मिश्रधातु है?
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दिल्ली सल्तनत के प्रशासनिक ढांचा और 'मध्यकालीन इतिहास' के संदर्भ में 'इक्ता व्यवस्था' (Iqta System) तथा उससे संबंधित निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इक्ता व्यवस्था एक प्रांतीय प्रशासनिक और राजस्व संग्रहण प्रणाली थी, जिसे औपचारिक रूप से दिल्ली सल्तनत में सुल्तान इल्तुतमिश द्वारा बड़े पैमाने पर संस्थागत रूप दिया गया था, जिसके तहत सैन्य अधिकारियों और अमीरों को वेतन के बदले भूमि या राजस्व अनुदान (इक्ता) दिया जाता था।
2. अलाउद्दीन खिलजी के शासनकाल में इक्तादारों (मुग्ती या वालियों) की शक्तियों को नियंत्रित करने के लिए कड़े वित्तीय और प्रशासनिक उपाय किए गए थे, जिसके अंतर्गत उन्हें अतिरिक्त राजस्व वसूलने से रोका गया तथा उनके खातों का अंकेक्षण (Audit) करने के लिए 'मुस्तौफी' और 'दीवान-ए-वजीर' विभाग को सक्रिय किया गया था।
3. फिरोजशाह तुगलक ने अपने शासनकाल में इक्ता व्यवस्था को आनुवंशिक (Hereditary) बना दिया, जिसके तहत यदि किसी इक्तादार की मृत्यु हो जाती थी, तो उसका इक्ता उसके पुत्र या दामाद को स्वतः प्राप्त हो जाता था, और उसने सैनिकों को नकद वेतन देने की प्रथा को पूरी तरह समाप्त कर दिया।
4. सल्तनत काल में 'खालसा भूमि' वह भूमि होती थी जो सीधे सुल्तान के नियंत्रण में होती थी और इस भूमि से प्राप्त होने वाला राजस्व सीधे केंद्रीय राजकोष (शाही खजाने) में जमा होता था, जिसका सबसे अधिक विस्तार अलाउद्दीन खिलजी के समय में हुआ था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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