BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Indian Polity
10 views

अनुच्छेद 370 का संबंध किससे है?

Detailed Explanation

जम्मू-कश्मीर।
Share:

Related Questions

धन विधेयक (Money Bill) केवल किस सदन में प्रस्तुत किया जा सकता है? भारतीय संविधान की प्रस्तावना (उद्देशिका) और उसके ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. पंडित जवाहरलाल नेहरू द्वारा 13 दिसंबर 1946 को संविधान सभा में प्रस्तुत 'उद्देश्य प्रस्ताव' (Objectives Resolution) को ही कुछ संशोधनों के पश्चात संविधान की प्रस्तावना के रूप में स्वीकार किया गया था, और यह प्रस्तावना संविधान के लागू होने के पश्चात न्यायालय में वाद योग्य (Justiciable) है। 2. प्रस्तावना में उल्लिखित 'न्याय' (सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक) के आदर्श को रूस की क्रांति (1917) से प्रेरणा लेकर शामिल किया गया था, जबकि 'स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व' के आदर्श को फ्रांसीसी क्रांति (1789) से लिया गया है। 3. केशवानंद भारती वाद (1973) के ऐतिहासिक निर्णय में सर्वोच्च न्यायालय ने यह स्पष्ट किया कि प्रस्तावना संविधान का अभिन्न अंग है, और संसद द्वारा अनुच्छेद 368 के तहत इसमें संशोधन किया जा सकता है, बशर्ते इसके 'मूल ढाचे' (Basic Structure) को क्षति न पहुँचे, जैसा कि 42वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1976 द्वारा इसमें तीन नए शब्द जोड़े जाने पर सिद्ध हुआ था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं? टायफाइड और कालरा (हैजा) किसके विशिष्ट उदाहरण हैं? भारतीय संविधान के 73वें संशोधन अधिनियम, 1992 और पंचायती राज व्यवस्था के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. संविधान के अनुच्छेद 243-E के अनुसार प्रत्येक पंचायत की अवधि उसके पहली बैठक के लिए नियत तारीख से पाँच वर्ष की होगी, और यदि किसी राज्य में समय से पूर्व पंचायत का विघटन हो जाता है, तो विघटन की तारीख से छह मास की अवधि के भीतर चुनाव कराना अनिवार्य है, तथा विघटन के पश्चात् गठित नई पंचायत अपने पूर्ववर्ती निकाय के शेष कार्यकाल के लिए ही कार्य करती है। 2. 73वें संविधान संशोधन अधिनियम द्वारा यह अनिवार्य किया गया है कि प्रत्येक राज्य में पंचायतों के खातों की लेखापरीक्षा (Audit) के लिए एक स्वतंत्र 'राज्य पंचायत लेखा परीक्षक' (State Panchayat Auditor) की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा सीधे की जाएगी, और राज्य विधानमंडल को इस संबंध में कानून बनाने की कोई शक्ति नहीं दी गई है। 3. अनुच्छेद 243-K के अंतर्गत पंचायतों के सभी निर्वाचनों के लिए मतदाता सूचियों तैयार करने और उन चुनावों के अधीक्षण, निर्देशन और नियंत्रण की शक्ति एक 'राज्य निर्वाचन आयोग' (State Election Commission) में निहित होगी, जिसके राज्य निर्वाचन आयुक्त की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा की जाएगी तथा उसे उच्च न्यायालय के न्यायाधीश को हटाने के लिए निर्धारित रीति और आधारों के अलावा अन्य किसी प्रकार से उसके पद से नहीं हटाया जा सकता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं? भारतीय संविधान के महत्वपूर्ण संशोधनों और आपातकालीन उपबंधों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 44वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1978 द्वारा राष्ट्रीय आपातकाल की उद्घोषणा के आधार से 'आंतरिक अशांति' (Internal Disturbance) शब्द को हटाकर उसके स्थान पर 'सशस्त्र विद्रोह' (Armed Rebellion) शब्द को जोड़ा गया, तथा यह भी प्रावधान किया गया कि राष्ट्रपति द्वारा राष्ट्रीय आपातकाल की उद्घोषणा केवल तभी की जा सकती है जब मंत्रिमंडल (Cabinet) का लिखित निर्णय उन्हें संसूचित किया जाए। 2. 42वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1976 द्वारा यह उपबंध किया गया कि राष्ट्रीय आपातकाल के दौरान अनुच्छेद 19 द्वारा प्रदत्त मूल अधिकार स्वतः निलंबित हो जाएंगे, और आपातकाल की समाप्ति के बाद उन्हें पुनर्जीवित करने के लिए संसद की पृथक् विधि की आवश्यकता होगी। 3. अनुच्छेद 359 के तहत राष्ट्रपति को यह शक्ति प्राप्त है कि वह राष्ट्रीय आपातकाल के दौरान भाग-III द्वारा प्रदत्त मूल अधिकारों के प्रवर्तन के लिए किसी भी न्यायालय में जाने के अधिकार को निलंबित कर सकता है, किंतु 44वें संशोधन अधिनियम के पश्चात अनुच्छेद 20 और अनुच्छेद 21 द्वारा प्रदत्त अधिकारों के प्रवर्तन को निलंबित करने का आदेश किसी भी परिस्थिति में जारी नहीं किया जा सकता। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.