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भारतीय और विश्व भूगोल के संदर्भ में, 'महासागरीय आम परिसंचरण' (Oceanic General Circulation) और 'अटलांटिक मेरिडियनल ओवरटर्निंग सर्कुलेशन' (AMOC) के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. AMOC अटलांटिक महासागर में संचालित होने वाली एक प्रमुख थर्मोहलाइन (Thermomohaline) धारा प्रणाली है, जो भूमध्यरेखीय क्षेत्रों से उष्ण और नम जल को उत्तर की ओर (उत्तरी अटलांटिक) ले जाती है और ठंडे, सघन जल को गहराई में दक्षिण की ओर वापस भेजती है।
  2. 2. उत्तरी अटलांटिक महासागर में ग्रीनलैंड के पिघलते हुए हिमनदों और अत्यधिक वर्षा के कारण बड़े पैमाने पर मीठे (अलवण) जल का प्रवेश AMOC की तीव्रता को बढ़ाने का कार्य करता है, जिससे यूरोप में तापमान में भारी वृद्धि होती है।
  3. 3. हाल के वैज्ञानिक अध्ययनों से यह संकेत मिला है कि जलवायु परिवर्तन और वैश्विक तापन के कारण AMOC अपनी सुझाई गई गति से कमजोर हो रहा है, जिसके पूरी तरह से ठप होने पर उत्तर-पश्चिमी यूरोप में गंभीर शीतलन (Severe Cooling) और दक्षिण अमेरिकी तथा अफ्रीकी मानसून प्रणालियों में भारी व्यवधान उत्पन्न हो सकता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है: अटलांटिक मेरिडियनल ओवरटर्निंग सर्कुलेशन (AMOC) वैश्विक महासागरीय कन्वेयर बेल्ट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। यह एक थर्मोहलाइन परिसंचरण है जो तापमान और लवणता के अंतर से संचालित होता है, जो उष्ण जल को उत्तर की ओर और ठंडे जल को दक्षिण की ओर ले जाता है। कथन 2 गलत है: ग्रीनलैंड के पिघलने और वर्षा के कारण उत्तरी अटलांटिक में मीठे जल (Freshwater) का अत्यधिक प्रवेश महासागर के जल की लवणता (Salinity) और घनत्व को कम कर देता है। जब जल कम सघन हो जाता है, तो यह नीचे नहीं बैठ पाता, जिससे AMOC की प्रक्रिया कमजोर हो जाती है, न कि मजबूत। कथन 3 सही है: वैज्ञानिक रिपोर्टों के अनुसार, वैश्विक तापन के कारण AMOC अपने पिछले कई दशकों की तुलना में काफी कमजोर हुआ है। इसके पूरी तरह से बाधित होने पर यूरोप में अचानक अत्यधिक ठंड (Severe Winters) आ सकती है और उष्णकटिबंधीय मानसूनी हवाएं दक्षिण की ओर खिसक सकती हैं, जिससे वैश्विक मौसम पैटर्न पर गंभीर प्रभाव पड़ेगा।
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