पर्यावरण अध्ययन (EVS) शिक्षण
Asked 2 months ago · Viewed 16 times
पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण शास्त्र के अंतर्गत 'पर्यावरणीय शिक्षा' (Environmental Education) में समस्या समाधान विधि (Problem-Solving Method) का प्रयोग करते समय निम्नलिखित में से किस चरण को सबसे अधिक महत्वपूर्ण और तार्किक शुरुआत माना जाता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
पर्यावरण अध्ययन (EVS) शिक्षण में समस्या समाधान विधि एक अन्वेषण आधारित उपागम है। इस विधि का सबसे पहला और बुनियादी चरण 'समस्या का चयन एवं उसकी स्पष्ट पहचान' करना होता है। जब तक विद्यार्थियों को पर्यावरण से जुड़ी किसी वास्तविक समस्या (जैसे जल प्रदूषण या वनों की कटाई) का सटीक अहसास और उसकी स्पष्ट समझ नहीं होगी, तब तक वे उसके समाधान के लिए आगे के वैज्ञानिक चरण जैसे परिकल्पना निर्माण, आँकड़ा संकलन और निष्कर्ष तक नहीं पहुँच सकते। अतः तार्किक रूप से प्रथम चरण समस्या की पहचान ही है।
अगला प्रश्न →
पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण अधिगम प्रक्रिया में 'क्षेत्र भ्रमण' (Field…
← पिछला प्रश्न
पर्यावरण अध्ययन (EVS) के प्राथमिक स्तर पर शिक्षण-अधिगम…
Related Questions
→
पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण शास्त्र और पाठ्यचर्या के संदर्भ में, प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन को एक एकीकृत (Integrated) विषय के रूप में पढ़ाने का मुख्य शैक्षिक उद्देश्य निम्नलिखित में से किस दृष्टिकोण को बढ़ावा देना है?
→
पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण तथा जैव-रासायनिक चक्रों (Biogeochemical Cycles) के संदर्भ में 'नाइट्रोजन चक्र' (Nitrogen Cycle) और इसकी विभिन्न जैविक प्रक्रियाओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. वायुमंडलीय नाइट्रोजन (N2) को पौधों द्वारा सीधे सीधे रूप में ग्रहण नहीं किया जा सकता है, इसलिए 'नाइट्रोजन स्थिरीकरण' (Nitrogen Fixation) प्रक्रिया के तहत कुछ विशिष्ट सूक्ष्मजीव जैसे राइजोबियम (Rhizobium), एजोटोबैक्टर (Azotobacter) और नीले-हरे शैवाल (Cyanobacteria) इसे अमोनिया या नाइट्रेट यौगिकों में बदलते हैं।
2. 'नाइट्रीकरण' (Nitrification) वह प्रक्रिया है जिसके अंतर्गत मृदा में मौजूद अमोनिया को पहले नाइट्रोसोमोनास (Nitrosomonas) बैक्टीरिया द्वारा नाइट्राइट में और फिर नाइट्रोबैक्टर (Nitrobacter) बैक्टीरिया द्वारा नाइट्रेट में परिवर्तित किया जाता है, जिसे पौधे आसानी से अवशोषित कर लेते हैं।
3. 'डिट्रीफिकेशन' (Denitrification) या विनाइट्रीकरण प्रक्रिया के दौरान स्यूडोमोनास (Pseudomonas) जैसे विनाइट्रीकारी बैक्टीरिया मृदा में उपस्थित नाइट्रेट्स को वापस गैसीय नाइट्रोजन (N2) में बदलकर वायुमंडल में मुक्त कर देते हैं, जिससे नाइट्रोजन का वैश्विक संतुलन बना रहता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
→
पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण अधिगम प्रक्रिया के अंतर्गत प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन की पाठ्यचर्या (Curriculum) को '6 प्रमुख थीम' (Themes) पर आधारित क्यों किया गया है, तथा इसका सर्वाधिक महत्वपूर्ण मनोवैज्ञानिक एवं शैक्षणिक आधार निम्नलिखित में से क्या है?
→
प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन (EVS) शिक्षण के दौरान 'पर्यावरणीय मुद्दों' पर आधारित शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया में निम्नलिखित में से किस उपागम (Approach) को सबसे अधिक प्रभावी माना जाता है, जो विद्यार्थियों में उच्च-स्तरीय संज्ञानात्मक कौशल और व्यावहारिक संवेदनशीलता दोनों का विकास करता है?
→
माता-पिता और सामुदायिक संसाधन प्राथमिक बच्चों को E.V.S. को निम्न द्वारा बेहतर ढंग से समझने में मदद कर सकते हैं-
→
कौन-सी पर्यावरण शिक्षा शिक्षण पद्धति नहीं है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.