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UPTET
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हिंदी व्याकरण के अंतर्गत, 'यद्यपि वह निर्धन है, तथापि वह ईमानदार है' वाक्य संरचना की दृष्टि से किस प्रकार के वाक्य का उदाहरण है और इसमें प्रयुक्त 'यद्यपि...तथापि' किस प्रकार के उपवाक्य को जोड़ने का कार्य करते हैं?

Detailed Explanation

रचना के आधार पर वाक्य तीन प्रकार के होते हैं: सरल वाक्य, संयुक्त वाक्य और मिश्र (मिश्रित) वाक्य। जिस वाक्य में एक प्रधान (मुख्य) उपवाक्य हो और अन्य आश्रित उपवाक्य उसके साथ व्यधिकरण समुच्चयबोधक (जैसे- जो, कि, क्योंकि, यदि...तो, यद्यपि...तथापि आदि) से जुड़े हों, उसे 'मिश्रित वाक्य' कहते हैं। यहाँ 'वह ईमानदार है' प्रधान उपवाक्य है और 'यद्यपि वह निर्धन है' उस पर आश्रित उपवाक्य है, जो 'यद्यपि...तथापि' युग्म से जुड़ा है।
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