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MCQ भारत के राष्ट्रपति की अध्यादेश जारी करने की शक्ति (Ordinance-making power) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. संविधान के अनुच्छेद 123 के अंतर्गत राष्ट्रपति को अध्यादेश प्रख्यापित करने की शक्ति प्राप्त है, और यह शक्ति संसद की विधि निर्माण की शक्ति के समतुल्य होती है, किंतु राष्ट्रपति इस शक्ति का प्रयोग केवल तभी कर सकता है जब संसद के दोनों सदन सत्र में न हों। 2. राष्ट्रपति द्वारा जारी किया गया अध्यादेश संसद की पुनर्सवेतन बैठक (Reassembly) होने के ठीक छह सप्ताह बाद स्वतः निष्प्रभावी हो जाता है, बशर्ते उससे पूर्व दोनों सदनों द्वारा उसे अस्वीकार करने वाला संकल्प पारित न कर दिया गया हो। 3. सुप्रीम कोर्ट के 'डी.सी. वाधवा वाद' (1987) के ऐतिहासिक निर्णय के अनुसार, कार्यपालिका द्वारा अध्यादेशों का बार-बार पुनः प्रख्यापन (Repromulgation) करना संवैधानिक धोखाधड़ी (Constitutional Fraud) की श्रेणी में आता है और यह न्यायालय के न्यायिक पुनरावलोकन के दायरे से बाहर है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

कथन 1 सही है क्योंकि संविधान के अनुच्छेद 123 के तहत राष्ट्रपति को अध्यादेश जारी करने की शक्ति प्राप्त है, और यह शक्ति तभी प्रयोग की जा सकती है जब संसद के दोनों सदन (या कोई एक सदन) सत्र में नहीं होते हैं। इस अध्यादेश का प...

2 minutes ago Indian Polity
MCQ भारतीय संविधान के भाग III (मूल अधिकार) के अंतर्गत 'समानता के अधिकार' (अनुच्छेद 14-18) और 'स्वतंत्रता के अधिकार' (अनुच्छेद 19-22) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. अनुच्छेद 14 के अंतर्गत प्रदत्त 'विधि के समक्ष समता' (Equality before Law) का विचार ब्रिटिश मूल से लिया गया है और यह एक नकारात्मक अवधारणा है, जिसका अर्थ है कि समाज में किसी भी व्यक्ति के पक्ष में विशेष विशेषाधिकारों का अभाव, जबकि 'विधियों का समान संरक्षण' (Equal protection of the laws) अमेरिकी संविधान से लिया गया है जो एक सकारात्मक अवधारणा है। 2. अनुच्छेद 19(1)(g) के तहत किसी भी पेशे, व्यापार या कारोबार को करने का अधिकार एक मूल अधिकार है, किंतु राज्य इस अधिकार के प्रयोग पर कोई भी पूर्ण प्रतिबंध (Absolute prohibition) किसी भी समय लगा सकता है और इसके लिए किसी लोक हित या उचित प्रतिबंध (Reasonable restriction) के आधार की आवश्यकता नहीं होती है। 3. अनुच्छेद 20(2) के अंतर्गत 'दोहरे जोखिम' (Double Jeopardy) के संरक्षण का लाभ केवल किसी न्यायालय या न्यायिक अधिकरण (Judicial Tribunal) के समक्ष अभियोजित और दंडित होने के मामलों में ही मिलता है, और यह विभागीय या प्रशासनिक सत्त्वों (Departmental or Administrative authorities) द्वारा दी गई कार्यवाहियों या दंडों पर लागू नहीं होता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

कथन 1 सही है: अनुच्छेद 14 में निहित 'विधि के समक्ष समता' ब्रिटिश संविधान से प्रेरित एक नकारात्मक अवधारणा है (अर्थात विशेषाधिकारों की अनुपस्थिति), जबकि 'विधियों का समान संरक्षण' अमेरिकी संविधान से ली गई एक सकारात्मक अवधार...

2 minutes ago Indian Polity
MCQ वर्ष 1857 के महान विद्रोह के दौरान बिहार में स्वतंत्रता संग्राम के दो प्रमुख स्तंभों—वीर कुंवर सिंह और उनके छोटे भाई अमर सिंह—के नेतृत्व, सैन्य रणनीतियों और संघर्ष के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. जगदीशपुर के 80 वर्षीय जमींदार वीर कुंवर सिंह ने जुलाई 1857 में दानापुर के विद्रोही सिपाहियों के साथ मिलकर आरा पर अधिकार कर लिया था, और ब्रिटिश सेनापति मेजर विन्सेंट आयर के विरुद्ध 'बिहिया के जंगल' और 'जगदीशपुर के युद्ध' में अद्वितीय सैन्य कौशल का परिचय दिया था। 2. वीर कुंवर सिंह ने अंग्रेजों को चकमा देने के लिए अपनी सेना के साथ गंगा नदी पार करते समय ब्रिटिश गोलियों से घायल होने के कारण अपने हाथ को स्वयं काटकर गंगा में अर्पित कर दिया था, और अंततः अप्रैल 1858 में अपनी रियासत जगदीशपुर को अंग्रेजों से मुक्त कराकर वहाँ पुनः विजय पताका फहराई थी। 3. वीर कुंवर सिंह की मृत्यु के बाद उनके भाई अमर सिंह ने कैमूर की पहाड़ियों (जुड़ी पहाड़ियों) से अंग्रेजों के खिलाफ लंबे समय तक 'छापामार युद्ध' (Guerrilla Warfare) जारी रखा और शाहबाद क्षेत्र में एक समानांतर सरकार चलाकर ब्रिटिश सत्ता को गहरी चुनौती दी थी। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

वर्ष 1857 के महान विद्रोह में बिहार के जगदीशपुर के बाबू वीर कुंवर सिंह ने अत्यंत साहसिक और नेतृत्व क्षमता का परिचय दिया। जुलाई 1857 में उन्होंने दानापुर रेजिमेंट के सिपाहियों के साथ मिलकर आरा पर नियंत्रण स्थापित किया। हा...

2 minutes ago History of India
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MCQ 19वीं शताब्दी के उत्तरार्ध में भारतीय समाज-सुधार आंदोलनों के दार्शनिक और संस्थागत विकास के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. स्वामी दयानंद सरस्वती द्वारा स्थापित 'आर्य समाज' ने 'वेदों की ओर लौटो' का नारा देते हुए मूर्तिपूजा, बहुदेववाद, अवतारवाद और जन्मजात जाति व्यवस्था का कड़ा खंडन किया, तथा शुद्धि आंदोलन के माध्यम से उन हिंदुओं को पुनः हिंदू धर्म में लौटने का मार्ग प्रशस्त किया जिन्होंने किन्हीं कारणों से अन्य धर्म अपना लिया था। 2. केशव चंद्र सेन के वैचारिक हस्तक्षेप के परिणामस्वरूप ब्रह्म समाज में उत्पन्न वैचारिक मतभेदों के बाद, वर्ष 1878 में आनंद मोहन बोस और केशव चंद्र सेन ने मिलकर 'साधारण ब्रह्म समाज' की स्थापना की, जो रूढ़िवादिता और बाल विवाह के विरोध में अत्यधिक सक्रिय रहा। 3. ज्योतिराव फुले द्वारा वर्ष 1873 में स्थापित 'सत्यशोधक समाज' का मुख्य उद्देश्य शूद्रों और अति-शूद्रों को ब्राह्मणवादी वर्चस्व और धार्मिक पाखंडों से मुक्त कराना तथा समाज के वंचित वर्गों में शिक्षा और आत्मसम्मान का प्रसार करना था। 4. प्रार्थना समाज की स्थापना मुंबई (बॉम्बे) में आत्माराम पांडुरंग द्वारा वर्ष 1867 में की गई थी, जिसे महागोविन्द रानडे और आर.जी. भंडारकर जैसे महान सुधारकों का समर्थन प्राप्त हुआ, और इस संस्था का मुख्य ध्यान धार्मिक सुधारों की तुलना में सामाजिक सुधारों (जैसे अंतरजातीय विवाह, विधवा पुनर्विवाह और महिला शिक्षा) पर अधिक केंद्रित था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

कथन 1 सही है क्योंकि स्वामी दयानंद सरस्वती ने 1875 में आर्य समाज की स्थापना की और वेदों की सर्वोच्चता स्थापित करते हुए मूर्तिपूजा व जाति व्यवस्था का विरोध किया तथा शुद्धि आंदोलन चलाया। कथन 2 गलत है क्योंकि केशव चंद्र सेन...

2 minutes ago History of India
MCQ अधिगम के पठार (Plateau in Learning) के उत्पन्न होने के निम्नलिखित कारणों में से कौन सा कारण मनोवैज्ञानिक दृष्टि से सबसे कम प्रासंगिक है, जबकि अन्य पठार के निर्माण में प्रत्यक्ष रूप से उत्तरदायी होते हैं?

अधिगम के पठार का अर्थ सीखने की प्रक्रिया में कुछ समय के लिए प्रगति का रुक जाना या गति का मंद पड़ जाना है। यह शारीरिक थकान, प्रेरणा की कमी, जटिल विषय-वस्तु या पुरानी विधि से नई विधि की ओर संक्रमण के कारण उत्पन्न होता है। क...

2 minutes ago Child Development
MCQ बिहार समसामयिक और आर्थिक समीक्षा के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. हाल ही में जारी बिहार आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार, राज्य की अर्थव्यवस्था में तृतीयक क्षेत्र (सेवा क्षेत्र) का हिस्सा सबसे अधिक है, जो सतत रूप से राज्य के सकल राज्य घरेलू उत्पाद (GSDP) में सबसे बड़ा योगदानकर्ता बना हुआ है। 2. बिहार सरकार द्वारा शुरू की गई 'मुख्यमंत्री डिजिटल स्वास्थ्य योजना' के तहत राज्य के सभी सदर अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में डिजिटल हेल्थ रिकॉर्ड और ऑनलाइन परामर्श की सुविधा चरणबद्ध तरीके से लागू की जा रही है। 3. जल-जीवन-हरियाली अभियान के अंतर्गत बिहार सरकार ने राज्य में भूजल स्तर को सुधारने और वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देने के लिए सार्वजनिक कुओं, आहरों और पयनों (Pynes) का बड़े पैमाने पर जीर्णोद्धार कराया है। 4. बिहार में इथेनॉल संवर्धन नीति (Ethanol Promotion Policy) के तहत मक्का और टूटे हुए चावल से इथेनॉल उत्पादन के लिए कई नई इकाइयां स्थापित की गई हैं, जिससे बिहार देश में गन्ने के अलावा खाद्यान्न आधारित इथेनॉल उत्पादन करने वाला अग्रणी राज्य बन गया है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?

दिए गए सभी कथन पूर्णतः सत्य हैं। बिहार आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार राज्य के GSDP में सेवा क्षेत्र (तृतीयक क्षेत्र) की प्रमुख भूमिका है। इसके अलावा, मुख्यमंत्री डिजिटल स्वास्थ्य योजना, जल-जीवन-हरियाली अभियान और इथेनॉल संवर...

2 minutes ago BPSC TRE 4.0
MCQ मानव विकास के संदर्भ में वंशानुक्रम और पर्यावरण की सापेक्षिक भूमिका और उनकी अंतःक्रिया का विश्लेषण करते हुए, 'प्रतिक्रिया सीमा' (Reaction Range) की अवधारणा तथा व्यवहार आनुवंशिकी (Behavioral Genetics) के आधुनिक सिद्धांतों के परिप्रेक्ष्य में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?

मानव विकास में आनुवंशिकता और पर्यावरण की अंतःक्रिया एक अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है। 'प्रतिक्रिया सीमा' (Reaction Range) का सिद्धांत यह स्पष्ट करता है कि जीन (Genetics) हमें शारीरिक और बौद्धिक योग्यताओं की एक निश्चित सीमा (...

2 minutes ago Child Development
MCQ किस मनोवैज्ञानिक ने स्व-नियमन के लिए निजी भाषण (private speech) की बात की?

वाइगोत्स्की ने बच्चों के स्व-नियमन के लिए निजी भाषण (Private speech) पर जोर दिया था।

2 minutes ago Child Development
MCQ अधिगम प्रक्रिया के दौरान आने वाले 'अधिगम के पठार' (Plateau of Learning) के संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन सा कथन इस अवस्था के वैज्ञानिक कारणों और इसकी प्रकृति को सबसे सटीक रूप से स्पष्ट करता है?

अधिगम के वक्र में 'पठार' (Plateau) वह स्थिति है जहाँ सीखने की गति कुछ समय के लिए बिल्कुल रुक जाती है और वक्र का रेखाचित्र एक सीधी समतल रेखा के रूप में दिखाई देता है। इसके मुख्य कारणों में मानसिक थकान, प्रेरणा (Motivation...

2 minutes ago Child Development
MCQ भारत में आपातकाल (352) कब लागू हुआ?

इन तीनों वर्षों में राष्ट्रीय आपातकाल लगा था।

2 minutes ago Indian Polity
MCQ भारतीय संविधान के अंतर्गत राष्ट्रपति की शक्तियों, उपराष्ट्रपति के निर्वाचन तथा केंद्रीय मंत्रिपरिषद की सामूहिक उत्तरदायित्व की संवैधानिक प्रक्रिया के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. राष्ट्रपति को अनुच्छेद 72 के तहत क्षमादान की जो शक्ति प्राप्त है, वह न्यायिक समीक्षा (Judicial Review) के दायरे से पूर्णतः बाहर है और राष्ट्रपति इस शक्ति का प्रयोग करने के लिए मंत्रिपरिषद की सलाह मानने के लिए कभी भी बाध्य नहीं होते हैं। 2. उपराष्ट्रपति के चुनाव में संसद के दोनों सदनों (लोकसभा और राज्यसभा) के निर्वाचित तथा मनोनीत दोनों प्रकार के सदस्य भाग लेते हैं, जबकि राज्यों की विधानसभाओं और विधान परिषदों के सदस्यों को इसमें कोई मतदान का अधिकार नहीं होता है। 3. अनुच्छेद 75(3) के अनुसार मंत्रिपरिषद सामूहिक रूप से लोकसभा के प्रति उत्तरदायी होती है, जिसका अर्थ यह है कि यदि लोकसभा में सरकार के विरुद्ध कोई अविश्वास प्रस्ताव पारित हो जाता है, तो प्रधानमंत्री सहित संपूर्ण मंत्रिपरिषद को त्यागपत्र देना पड़ता है। 4. केंद्रीय मंत्रिमंडल (Cabinet) शब्द का मूल संविधान के अनुच्छेद 352 में कहीं भी उल्लेख नहीं था, इसे 44वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1978 द्वारा संविधान में अंतःस्थापित किया गया था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?

कथन 1 असत्य है क्योंकि उच्चतम न्यायालय ने अपने कई निर्णयों (जैसे ईके गोपालन और केहर सिंह मामला) में स्पष्ट किया है कि राष्ट्रपति की क्षमादान शक्ति (अनुच्छेद 72) की न्यायिक समीक्षा की जा सकती है, यदि उसका प्रयोग दुर्भावना...

2 minutes ago BPSC TRE 4.0
MCQ भारतीय संविधान के अंतर्गत राजभाषा के संवैधानिक उपबंधों, राजनीतिक दलों की मान्यता से जुड़े प्रावधानों तथा संविधान की अनुसूचियों और भागों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. संविधान के भाग XVII के अंतर्गत अनुच्छेद 348 में यह प्रावधान किया गया है कि जब तक संसद विधि द्वारा अन्यथा उपबंध न करे, तब तक उच्चतम न्यायालय और प्रत्येक उच्च न्यायालय में सभी कार्रवाइयां अंग्रेजी भाषा में होंगी, तथा संसद या राज्य विधानमंडल द्वारा पारित प्रत्येक अधिनियम या उसके द्वारा निकाले गए अध्यादेश का प्राधिकृत पाठ भी अंग्रेजी भाषा में ही होना अनिवार्य है। 2. जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 29A के तहत भारत निर्वाचन आयोग द्वारा राजनीतिक दलों का पंजीकरण किया जाता है, किंतु आयोग को किसी पंजीकृत राजनीतिक दल को उसकी आंतरिक लोकतांत्रिक विफलता या संविधान के प्रति निष्ठा के अभाव के आधार पर उसका पंजीकरण रद्द (De-register) करने की कोई वैधानिक शक्ति प्राप्त नहीं है। 3. भारतीय संविधान की नौवीं अनुसूची को प्रथम संविधान संशोधन अधिनियम, 1951 द्वारा जोड़ा गया था, और इस अनुसूची में शामिल विधियों को न्यायिक समीक्षा से पूर्ण और अंतिम संरक्षण प्राप्त है, जिसका अर्थ यह है कि वर्ष 1973 के केशवानंद भारती वाद के निर्णय के पश्चात भी इस अनुसूची के किसी भी विषय की न्यायिक समीक्षा किसी भी परिस्थिति में नहीं की जा सकती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

कथन 1 सही है: संविधान के भाग XVII के अनुच्छेद 348 के अनुसार, जब तक संसद विधि द्वारा कोई अन्य व्यवस्था न करे, तब तक सुप्रीम कोर्ट और सभी हाई कोर्ट्स की कार्यवाही अंग्रेजी में होगी और संसद/विधानमंडलों द्वारा पारित अधिनियमो...

2 minutes ago Indian Polity
MCQ औरंगजेब के सेनापति मीर जुमला ने उत्तर-पूर्व के किस राज्य को जीतकर वहाँ संधि की थी?

मीर जुमला ने अहोम राज्य के विरुद्ध अभियान का नेतृत्व किया था।

2 minutes ago History of India
MCQ बाल विकास के संदर्भ में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) के बीच एक सूक्ष्म विश्लेषणात्मक अंतर यह है कि जहाँ अभिवृद्धि मात्रात्मक और सीमित होती है, वहीं विकास गुणात्मक और व्यापक होता है। निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों के बीच के इस पारस्परिक संबंध और इनकी प्रकृति को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?

बाल मनोविज्ञान में 'अभिवृद्धि' (Growth) शरीर के अंगों के आकार, भार और लंबाई में होने वाले मात्रात्मक परिवर्तनों को दर्शाती है जो एक निश्चित आयु के बाद रुक जाती है। इसके विपरीत, 'विकास' (Development) एक व्यापक और निरंतर च...

3 minutes ago Child Development
MCQ रेगिस्तानी ओक?

ऑस्ट्रेलिया।

3 minutes ago General Science
MCQ मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, जेरोम ब्रूनर (Jerome Bruner) के 'संज्ञानात्मक विकास और खोजपूर्ण अधिगम सिद्धांत' (Discovery Learning Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित **'प्रतीकात्मक अवस्था' (Symbolic Stage - लगभग 7 वर्ष से आगे)** की अवधारणा—जिसके तहत शिक्षार्थी मूर्त वस्तुओं या छवियों से आगे बढ़कर अमूर्त प्रतीकों, भाषा, गणितीय संकेतों और कोड (Codes) के माध्यम से सूचनाओं को संसाधित, संग्रहित और संप्रेषित करना सीखता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के उच्च-स्तरीय अमूर्त चिंतन, तार्किक संगणना और वैचारिक संरचना के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?

जेरोम ब्रूनर के संज्ञानात्मक विकास सिद्धांत के अनुसार, बौद्धिक विकास तीन अवस्थाओं से होकर गुजरता है: अधिनायात्मक/सक्रिय (Enactive), दृश्यात्मक/प्रतिबिम्बी (Iconic), और प्रतीकात्मक (Symbolic)। प्रतीकात्मक अवस्था में भाषा,...

3 minutes ago MPTET
MCQ अकबर ने जजिया कर कब समाप्त किया?

1564 में अकबर ने जजिया हटा दिया था।

3 minutes ago History of India
MCQ पानीपत का प्रथम युद्ध किसके बीच हुआ था?

बाबर और इब्राहिम लोदी के बीच यह युद्ध हुआ।

3 minutes ago History of India
MCQ वर्ष 1857 के विद्रोह के तात्कालिक कारणों और चर्बी वाले कारतूस की घटना के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. सेना में पुरानी 'ब्राउन बैस' मस्कट बंदूकों के स्थान पर नई 'एनफील्ड राइफल' को शामिल करने का निर्णय लिया गया था, जिसके कारतूसों के आवरण को खोलने के लिए गाय और सुअर की चर्बी से युक्त होने की अफवाह फैली थी। 2. बैरकपुर छावनी की 34वीं नेटिव इन्फैंट्री (N.I.) के सिपाही मंगल पांडे ने 29 मार्च 1857 को चर्बी वाले कारतूसों के प्रयोग के विरुद्ध बगावत करते हुए ब्रिटिश अधिकारियों (लेफ्टिनेंट बॉग और सार्जेंट ह्यूसन) पर आक्रमण कर दिया था। 3. मंगल पांडे को घटना के तुरंत बाद गिरफ्तार कर लिया गया और सैन्य अदालत के आदेश पर 8 अप्रैल 1857 को उन्हें निर्धारित तिथि से दस दिन पूर्व ही फाँसी दे दी गई थी। 4. इस घटना के परिणाम स्वरुप संपूर्ण 34वीं नेटिव इन्फैंट्री रेजिमेंट को ब्रिटिश सरकार द्वारा बिना किसी औपचारिक जाँच के तुरंत बर्खास्त कर दिया गया था, क्योंकि अधिकारियों को पूरी रेजिमेंट की राजभक्ति पर संदेह हो गया था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

वर्ष 1857 के विद्रोह का तात्कालिक कारण सेना में पुरानी 'ब्राउन बैस' (Brown Bess) बंदूक के स्थान पर 'एनफील्ड राइफल' (Enfield Rifle) का引入 था। इन राइफलों के कारतूसों को लोड करने से पहले उनके ग्रीज़युक्त कागज़ को दाँतों से...

3 minutes ago History of India