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BPSC TRE 4.0, Child Development, Indian Polity, General Science सहित सभी विषयों के 6000+ प्रश्न — अभी अभ्यास करें।

MCQ बाल-केंद्रित शिक्षा (Child-Centric Education) और जॉन डीवी (John Dewey) द्वारा प्रतिपादित प्रगतिशील शिक्षा (Progressive Education) के दार्शनिक तथा मनोवैज्ञानिक आधारों का गहन विश्लेषण करने पर, पारंपरिक शिक्षा प्रणाली और प्रगतिशील शिक्षा के बीच के तात्विक अंतर के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

प्रगतिशील शिक्षा और बाल-केंद्रित शिक्षा के अंतर्गत अमेरिकी दार्शनिक और शिक्षाविद् जॉन डीवी ने 'करके सीखना' (Learning by Doing) और प्रायोगिक लोकतंत्र पर विशेष बल दिया है। इसके अनुसार विद्यालय केवल ज्ञान प्राप्त करने का स्...

1 second ago Child Development
MCQ अधिगम के पठार (Plateau of Learning), अधिगम वक्रों की विभिन्न अवस्थाओं तथा 'अधिगम के सकारात्मक एवं नकारात्मक स्थानांतरण' (Positive and Negative Transfer of Learning) की तात्विक और वैज्ञानिक संकल्पनाओं का गहन विश्लेषण करने पर, यदि किसी शिक्षार्थी की सीखने की प्रक्रिया के दौरान प्रेरणा में कमी, थकान, या जटिल विषय-वस्तु के कारण निष्पादन वक्र पूरी तरह से क्षैतिज (Flat) हो जाता है, और साथ ही उसके द्वारा पूर्व में अर्जित कोई कौशल नई परिस्थिति में उसके सीखने की गति को या तो अत्यधिक बाधित करता है या सुगम बनाता है; तो इस मनोवैज्ञानिक और शैक्षिक परिदृश्य के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

अधिगम के पठार (Plateau of Learning) का तात्पर्य सीखने की प्रक्रिया में आने वाले उस अस्थायी ठहराव से है जहाँ कार्य-निष्पादन में कोई सुधार या प्रगति दिखाई नहीं देती। यह मानसिक थकान, प्रेरणा के अभाव, जटिलता या दोषपूर्ण विधि...

2 seconds ago Child Development
MCQ नगर प्रशासन का प्रमुख अधिकारी कौन होता था जिसकी जिम्मेदारी कानून-व्यवस्था बनाए रखना थी?

कोतवाल नगर का मुख्य प्रशासनिक और कानून-व्यवस्था अधिकारी था।

4 seconds ago History of India
MCQ डिसग्राफिया (Dysgraphia) और डिस्प्रैक्सिया (Dyspraxia) जैसी विशिष्ट अधिगम अक्षमताओं के न्यूरोलॉजिकल और मोटर-प्रसंस्करण (Motor Processing) आधारित स्वरूप का गहन विश्लेषण करने पर, यदि किसी शिक्षार्थी को अपने विचारों को लिखित रूप में व्यक्त करने में अत्यधिक कठिनाई होती है, उसके लेखन में अक्षरों का आकार असमान होता है, रेखाओं पर सीधा न लिख पाना, और साथ ही सूक्ष्म गत्यात्मक कौशलों (Fine Motor Skills) जैसे पेंसिल पर नियंत्रण रखने या जूतों के फीते बाँधने में गंभीर शारीरिक-समन्वय संबंधी बाधाएँ उत्पन्न होती हैं; तो इन दोनों विकासात्मक विकारों के अंतर-संबंध और तात्विक लक्षणों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

डिसग्राफिया एक न्यूरोलॉजिकल आधारित अधिगम विकार है जो व्यक्ति की लेखन क्षमता और दृश्य-स्थानिक समन्वय को गंभीर रूप से प्रभावित करता है। इसके साथ ही, डिस्प्रैक्सिया एक मोटर समन्वय विकार (Developmental Coordination Disorder)...

5 seconds ago Child Development
MCQ बिहार सरकार द्वारा नागरिकों को घर बैठे विभिन्न डिजिटल और प्रशासनिक सेवाओं की सुलभता सुनिश्चित करने के लिए कई पोर्टल और मोबाइल ऐप विकसित किए गए हैं। इन डिजिटल पहलों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'बिहार भूमि' पोर्टल का संचालन राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा किया जाता है, जिसके माध्यम से नागरिक ऑनलाइन लगान भुगतान, दाखिल-खारिज (Mutation) के आवेदन तथा अपनी जमीन के डिजिटल रिकॉर्ड (रजिस्टर-II) की प्रति प्राप्त कर सकते हैं। 2. बिहार शिक्षा परियोजना परिषद (BEPC) द्वारा संचालित 'ई-शिक्षाकोष' (e-Shikshakosh) पोर्टल और मोबाइल ऐप का उद्देश्य राज्य के विद्यालयों में विद्यार्थियों और शिक्षकों की उपस्थिति, शैक्षणिक गतिविधियों तथा विद्यालयों के प्रभावी अनुश्रवण (Monitoring) को डिजिटल रूप से प्रबंधित करना है। 3. 'बिहार मौसम सेवा केंद्र' (BMSK) पोर्टल और मोबाइल ऐप योजना एवं विकास विभाग तथा आपदा प्रबंधन के अंतर्गत कार्य करता है, जो किसानों और आम नागरिकों को वास्तविक समय (Real-time) पर मौसम पूर्वानुमान, वज्रपात (Thunderstorm) और बाढ़ की पूर्व चेतावनी प्रदान करता है। 4. लोक सेवाओं के अधिकार अधिनियम (RTPS) के अंतर्गत जाति, आय और निवास प्रमाण पत्रों के ऑनलाइन आवेदन के लिए उपयोग किए जाने वाले 'सर्विस प्लस' (Service Plus) पोर्टल का नियंत्रण पूरी तरह से केंद्र सरकार के कार्मिक मंत्रालय के पास है, और इसमें राज्य सरकार की कोई प्रशासनिक भूमिका नहीं होती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?

कथन 1, 2 और 3 पूर्णतः सत्य हैं। 'बिहार भूमि' पोर्टल राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अंतर्गत भूमि रिकॉर्ड और दाखिल-खारिज की सुविधा देता है। 'ई-शिक्षाकोष' पोर्टल का उपयोग विद्यालयों में शिक्षकों और विद्यार्थियों की उपस्थिति...

5 seconds ago BPSC TRE 4.0
MCQ बाल विकास के अध्ययन के दौरान 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) के संप्रत्ययों तथा विकास के विभिन्न सिद्धांतों—जैसे कि 'मस्तकोधोमुख क्रम' (Cephalocaudal Trend) और 'निकट-दूर क्रम' (Proximodistal Trend)—का गहन विश्लेषणात्मक अध्ययन करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन तात्विक और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

बाल मनोविज्ञान में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) दो भिन्न अवधारणाएँ हैं। अभिवृद्धि मुख्य रूप से शारीरिक और मात्रात्मक परिवर्तनों (जैसे ऊँचाई, भार और आकार का बढ़ना) से संबंधित होती है जो एक निश्चित आयु के ब...

7 seconds ago Child Development
MCQ गेस्टाल्टवादी अधिगम सिद्धांत (सूझ या अंतर्दृष्टि का सिद्धांत) के अंतर्गत, जब वोल्फगांग कोहलर ने चिम्पांजी 'सुल्तान' पर प्रयोग किए और यह सिद्ध किया कि अधिगम यांत्रिक प्रयासों (Trial and Error) का परिणाम न होकर संपूर्ण परिस्थिति के तात्कालिक और अचानक संज्ञानात्मक पुनर्गठन (Cognitive Restructuring) पर आधारित होता है, तो इस सिद्धांत के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन तात्विक और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

गेस्टाल्ट मनोविज्ञान (Gestalt Psychology) के अनुसार, अधिगम कोई यांत्रिक या क्रमिक प्रक्रिया नहीं है, बल्कि यह सूझ या अंतर्दृष्टि (Insight) पर आधारित होती है। वोल्फगांग कोहलर (Wolfgang Köhler) ने अपने प्रयोगों के माध्यम स...

8 seconds ago Child Development
MCQ बाल विकास के संदर्भ में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) की अवधारणाओं, उनके मध्य अंतर तथा विकास के मूलभूत सिद्धांतों (जैसे—निरंतरता का सिद्धांत, एकीकरण का सिद्धांत, और सिर-से-पैर का क्रम / Cephalocaudal Trend) का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा वैज्ञानिक कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

बाल विकास की अवधारणा के अनुसार, 'अभिवृद्धि' (Growth) मुख्य रूप से शारीरिक संरचना और आकार में होने वाले मात्रात्मक परिवर्तनों (जैसे लंबाई, भार, और आंतरिक अंगों का आकार बढ़ना) को दर्शाती है, जो एक निश्चित आयु के बाद रुक जात...

10 seconds ago Child Development
MCQ समावेशी शिक्षा (Inclusive Education) के अंतर्गत 'विशिष्ट आवश्यकता वाले बच्चों' (CwSN) के लिए 'सार्वभौमिक रूप से डिजाइन किए गए शिक्षण अधिगम' (Universal Design for Learning - UDL) के सिद्धांतों, राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) के प्रावधानों तथा 'राष्ट्रीय विकलांगता अधिकार अधिनियम 2016' (RPWD Act 2016) के वैधिक ढांचे का गहन विश्लेषण करने पर, यदि एक विद्यालय अपने भौतिक परिवेश, मूल्यांकन पद्धतियों और पाठ्यचर्या को इस प्रकार रूपांतरित करता है कि दृश्य-बाधित, श्रवण-बाधित और बौद्धिक रूप से भिन्न क्षमता वाले छात्र बिना किसी अलगाव के सामान्य कक्षाओं में अन्य बालकों के साथ तल्लीन होकर सीख सकें; तो समावेशी शिक्षा के इस वैज्ञानिक एवं तार्किक स्वरूप के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

समावेशी शिक्षा (Inclusive Education) एक ऐसी शिक्षण प्रणाली है जिसमें सामान्य और विशिष्ट आवश्यकता वाले बच्चे एक ही छत के नीचे एक साथ शिक्षा प्राप्त करते हैं। सार्वभौमिक डिजाइन फॉर लर्निंग (UDL) एक ऐसा दृष्टिकोण है जो सीखन...

11 seconds ago Child Development
MCQ अधिगम के पठार (Plateaus in Learning) के उत्पन्न होने के तात्विक, मनोवैज्ञानिक तथा कक्षा-कक्षीय कारणों का गहन विश्लेषण करने पर, जब किसी सीखने की प्रक्रिया में लंबे समय तक निष्पादन (Performance) में कोई मात्रात्मक या गुणात्मक सुधार नहीं होता है, और यह स्थिति थकान, प्रेरणा की कमी, जटिलता में वृद्धि या गलत शिक्षण विधियों के कारण उत्पन्न होती है; तथा इसके साथ ही यदि 'अधिगम स्थानांतरण' (Transfer of Learning) के संदर्भ में कोई पूर्व ज्ञान नए कौशल को सीखने में या तो पूर्णतः बाधा पहुँचाता है (नकारात्मक स्थानांतरण) या उसे सुगम बनाता है (धनात्मक स्थानांतरण), तो अधिगम के इन दोनों महत्वपूर्ण संप्रत्ययों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक और शैक्षणिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

अधिगम के पठार (Plateaus in Learning) सीखने की प्रक्रिया के दौरान आने वाले वे अस्थायी अंतराल या रुकावटें हैं जहाँ सीखने की गति शून्य हो जाती है। इसके मुख्य कारणों में थकान, रुचि की कमी, जटिलता में वृद्धि और प्रेरणा का ह्र...

13 seconds ago Child Development
MCQ सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) प्रणाली के अंतर्गत 'रचनात्मक आकलन' (Formative Assessment) और 'संकल्नात्मक मूल्यांकन' (Summative Assessment) के तात्विक, सैद्धांतिक तथा कक्षा-कक्षीय अनुप्रयोगों का गहन विश्लेषण करने पर, यदि एक शिक्षक शिक्षण अधिगम प्रक्रिया के दौरान विद्यार्थियों की त्रुटियों का निरंतर निदान करने, उनकी वैचारिक समझ को उन्नत करने और तदनुरूप अपनी शिक्षण विधियों में लचीलापन लाते हुए तत्काल पृष्ठापोषण (Feedback) प्रदान करता है, जबकि दूसरी ओर सत्र के अंत में एक निश्चित मानक के आधार पर उनके समग्र निष्पादन का गुणात्मक एवं परिणात्मक मूल्य निर्धारण कर ग्रेड प्रदान करता है; तो आकलन और मूल्यांकन के इस अंतरसंबंध के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) के अंतर्गत रचनात्मक आकलन (Formative Assessment) को 'अधिगम के लिए आकलन' (Assessment for Learning) माना जाता है क्योंकि यह शिक्षण अधिगम प्रक्रिया के दौरान छात्रों की कमियों का निदान कर उनमें...

14 seconds ago Child Development
MCQ लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत (Socio-Cultural Theory) के अंतर्गत 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (Zone of Proximal Development - ZPD) और 'चान्त्वना या मचान निर्माण' (Scaffolding) की अवधारणाओं का गहन विश्लेषण करने पर, यदि एक शिक्षिका किसी जटिल गणितीय समस्या को हल करते समय शिक्षार्थियों को प्रारंभिक संकेत, आंशिक समाधान और तार्किक मार्गदर्शन प्रदान करती है, किंतु जैसे-जैसे शिक्षार्थी उस कार्य में निपुण होते जाते हैं, वह अपनी सहायता को धीरे-धीरे कम कर देती है; तो वाइगोत्स्की के इस संवादात्मक और संज्ञानात्मक विकास के प्रतिमान के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत के अनुसार, विकास एक सामाजिक रूप से मध्यस्थता वाली प्रक्रिया है। 'समीपस्थ विकास का क्षेत्र' (ZPD) उस अंतराल को इंगित करता है जो बच्चे द्वारा स्वतंत्र रूप से किए जाने वाले कार...

16 seconds ago Child Development
MCQ सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (Continuous and Comprehensive Evaluation - CCE) के अंतर्गत 'आकलन' (Assessment) और 'मूल्यांकन' (Evaluation) के तात्विक, सैद्धांतिक एवं कक्षा-कक्षीय अनुप्रयोगों का गहन विश्लेषण करने पर, यदि एक शिक्षक विद्यार्थियों की अधिगम प्रक्रिया के दौरान निरंतर पृष्ठापोषण (Feedback) प्रदान करने, उनकी कमियों का निदान करने तथा अध्यापन रणनीतियों में सुधार लाने के लिए नैदानिक और सृजनात्मक तौर-तरीकों का उपयोग करता है, जबकि सत्र के अंत में उनके संपूर्ण शैक्षणिक निष्पादन का एक व्यापक स्तर पर गुणात्मक एवं परिणात्मक मूल्य निर्धारण कर ग्रेड या अंक प्रदान करता है; तो आकलन और मूल्यांकन के इस अंतरसंबंध के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) में 'आकलन' (Assessment) और 'मूल्यांकन' (Evaluation) दोनों के अपने विशिष्ट और पूरक आयाम हैं। आकलन एक सतत प्रक्रिया है जो अधिगम में सुधार लाने (फॉर्मेटिव) पर केंद्रित होती है, जबकि मूल्यांकन...

18 seconds ago Child Development
MCQ अधिगम के वक्र (Learning Curves), अधिगम के पठार (Plateaus) और अधिगम के स्थानांतरण (Transfer of Learning) के तात्विक और प्रायोगिक स्वरूप का गहन विश्लेषण करते हुए बताइए कि यदि कोई शिक्षार्थी किसी जटिल कौशल को सीखते समय प्रारंभिक अवस्था में अत्यंत मंद गति से प्रगति करता है किंतु बाद में अभ्यास के साथ उसकी सीखने की गति तीव्र हो जाती है (जिसे नतोदर या सकारात्मक वक्र कहा जाता है), तत्पश्चात प्रेरणा की कमी, अत्यधिक मानसिक थकान या शारीरिक शिथिलता के कारण उसके निष्पादन में एक समतल स्थिति उत्पन्न हो जाती है जिसे पठार कहा जाता है, तथा इस पठार को तोड़ने के उपरांत यदि वह पूर्व में अर्जित किसी कौशल का नए विषय पर कोई सकारात्मक या नकारात्मक प्रभाव न पड़ने की स्थिति का अनुभव करता है; तो अधिगम के इन गत्यात्मक सिद्धांतों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

अधिगम प्रक्रिया में वक्र, पठार और स्थानांतरण का अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है। विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार, जब अधिगम की शुरुआत में गति धीमी होती है और अभ्यास के साथ आगे चलकर तीव्र हो जाती है, तो उसे धनात्मक त्वरण या नतोदर व...

19 seconds ago Child Development
MCQ भारतीय संविधान के निर्माण और इसकी अंतरिम सरकार तथा संविधान सभा की अवस्थिति (Location/Composition) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. संविधान सभा के सदस्यों का निर्वाचन प्रांतीय विधानसभाओं के सदस्यों द्वारा आनुपातिक प्रतिनिधित्व पद्धति के एकल संक्रमणीय मत द्वारा अप्रत्यक्ष रूप से किया गया था, जिसमें ब्रिटिश भारत के प्रांतों को 292 और देशी रियासतों को 93 सीटें आवंटित की गई थीं। 2. वर्ष 1946 में गठित अंतरिम मंत्रिमंडल में जवाहरलाल नेहरू को कार्यकारी परिषद के उपाध्यक्ष के रूप में विदेश मामलों और राष्ट्रमंडल संबंधों का विभाग सौंपा गया था, जबकि रक्षा विभाग का प्रभार सरदार बलदेव सिंह के पास था। 3. संविधान सभा की प्रथम बैठक 9 दिसंबर 1946 को आयोजित की गई थी, जिसमें मुस्लिम लीग ने भाग लिया था और इसके अस्थायी अध्यक्ष के रूप में डॉ. सच्चिदानंद सिन्हा को चुना गया था, जबकि संवैधानिक सलाहकार के रूप में बी.एन. राव की नियुक्ति की गई थी। 4. संविधान सभा के कुल सदस्यों में से अनुसूचित जातियों के सदस्यों की संख्या 33 थी, और इस सभा में कुल 15 महिला सदस्य शामिल थीं जिन्होंने संविधान निर्माण प्रक्रिया में सक्रिय योगदान दिया था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?

कथन 1 सत्य है क्योंकि संविधान सभा के सदस्यों का चुनाव प्रांतीय विधानसभाओं द्वारा अप्रत्यक्ष रूप से एकल संक्रमणीय मत पद्धति से हुआ था, जिसमें 292 ब्रिटिश प्रांतों से और 93 देशी रियासतों से थे। कथन 2 सत्य है; अंतरिम सरकार...

19 seconds ago BPSC TRE 4.0
MCQ अधिगम के क्षेत्र में एडवर्ड थार्नडाइक के 'प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत', इवान पावलव के 'शास्त्रीय अनुबंधन' तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' के तात्विक और तुलनात्मक स्वरूप का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई जीव किसी पूर्व निश्चित उद्दीपक (Stimulus) की प्रतीक्षा किए बिना अपनी स्वैच्छिक अनुक्रियाओं द्वारा पर्यावरण पर प्रभाव डालता है और अपने व्यवहार के परिणामों—विशेषकर सकारात्मक या नकारात्मक 'पुनर्बलन' (Reinforcement)—के आधार पर उस अनुक्रिया की आवृत्ति को बढ़ाता या घटाता है, तथा पावलव के सिद्धांत में उद्दीपक का अनुबंधन से पूर्व होना अनिवार्य है, तो इन तीनों सिद्धांतों के मूलभूत अंतर और अंतर्संबंधों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?

अधिगम के सिद्धांतों में एडवर्ड थार्नडाइक का प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत और बी.एफ. स्किनर का क्रियाप्रसूत अनुबंधन (Operant Conditioning) मुख्य रूप से 'R-S' (Response-Stimulus) या अनुक्रिया-प्रधान प्रतिमान पर आधारित हैं, जह...

20 seconds ago Child Development
MCQ हंस आइजेंक (Hans Eysenck) द्वारा प्रतिपादित व्यक्तित्व के पदानुक्रमित और आयामी सिद्धांत (Dimensional Trait Theory of Personality) के अंतर्गत 'अंतर्मुखी-बहिर्मुखी' (Introversion-Extraversion), 'स्नाविकता-स्थिरता' (Neuroticism-Stability) तथा 'मनोविकारिता' (Psychoticism) आयामों के तात्विक एवं जैविक आधार का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई व्यक्ति केंद्रीय तंत्रिका तंत्र में उच्च कॉर्टिकल उत्तेजना (Cortical Arousal) के स्तर के कारण बाहरी उत्तेजनाओं से जल्दी थक जाता है, सामाजिक अंतःक्रियाओं से बचता है, तथा आइजेंक के त्रि-आयामी मॉडल के अनुसार अंतर्मुखता के साथ-साथ उच्च स्नाविकता (उच्च न्यूरोटिसिज्म) प्रदर्शित करता है, तो उसके इस मनोवैज्ञानिक और जैविक स्वरूप के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?

हंस आइजेंक के व्यक्तित्व सिद्धांत के अनुसार, अंतर्मुखी (Introvert) व्यक्तियों के मस्तिष्क में कॉर्टिकल उत्तेजना (Cortical Arousal) का स्तर स्वाभाविक रूप से उच्च होता है, जिसके कारण वे अत्यधिक बाहरी उत्तेजना सहन नहीं कर प...

22 seconds ago Child Development
MCQ सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के अंतर्गत 'गुदा अवस्था' (Anal Stage) और 'फैलियाक अवस्था' (Phallic Stage) की तात्विक और मनोवैज्ञानिक गतिकी का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, इन दोनों अवस्थाओं के दौरान उत्पन्न होने वाली प्रमुख ग्रन्थियों—जैसे 'इलेक्ट्रा कॉम्प्लेक्स' (Electra Complex) और 'ओडिपस कॉम्प्लेक्स' (Oedipus Complex)—तथा उनके व्यक्तित्व विकास पर पड़ने वाले प्रभावों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?

सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत के अनुसार, 'फैलियाक अवस्था' (Phallic Stage, लगभग 3 से 6 वर्ष) में बच्चों का ध्यान उनके जननांगों पर केंद्रित होता है। इस दौरान लड़कों में 'ओडिपस कॉम्प्लेक्स' (Oedipus Complex) वि...

22 seconds ago Child Development
MCQ अधिगम के क्षेत्र में एडवर्ड थार्नडाइक द्वारा प्रतिपादित 'प्रयास एवं त्रुटि का सिद्धांत' (Trial and Error Theory), इवान पावलव का 'शास्त्रीय अनुबंधन सिद्धांत' (Classical Conditioning) तथा बी.एफ. स्किनर का 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन सिद्धांत' (Operant Conditioning) के तात्विक एवं तुलनात्मक स्वरूप का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई जीव किसी पूर्व निश्चित उद्दीपक की प्रतीक्षा किए बिना अपनी स्वैच्छिक अनुक्रियाओं (Voluntary Responses) द्वारा पर्यावरण पर प्रभाव डालता है और अपने व्यवहार के परिणामों—विशेषकर सकारात्मक या नकारात्मक 'पुनर्बलन' (Reinforcement)—के आधार पर उस अनुक्रिया की आवृत्ति को बढ़ाता या घटाता है, तो अधिगम की यह प्रक्रिया निम्नलिखित में से किस सिद्धांत के साथ सर्वाधिक पूर्णता से संरेखित होती है?

बी.एफ. स्किनर (B.F. Skinner) द्वारा प्रतिपादित 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन सिद्धांत' (Operant Conditioning) के अनुसार, जीव अपने वातावरण में सक्रिय रहकर स्वैच्छिक अनुक्रियाएँ करता है, जिन्हें 'ऑपरेंट' कहा जाता है। इन अनुक्रियाओ...

23 seconds ago Child Development