BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

UPTET
6 views

उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'क्रियाप्रसूत अनुबंध' (Operant Conditioning) के संदर्भ में, अमेरिकी मनोवैज्ञानिक बी.एफ. स्किनर (B.F. Skinner) द्वारा प्रतिपादित सिद्धांत में 'पुनर्बलन अनुसूचियों' (Schedules of Reinforcement) के अंतर्गत, जब किसी अनुक्रिया के लिए पुनर्बलन एक निश्चित और अपरिवर्तनीय समयावधि (जैसे प्रत्येक 5 मिनट के बाद) के पश्चात प्रदान किया जाता है, तो इस विशिष्ट अनुसूची को क्या कहा जाता है और इसके कारण अनुक्रिया दर में किस प्रकार का पैटर्न देखा जाता है?

Detailed Explanation

बी.एफ. स्किनर के क्रियाप्रसूत अनुबंधन में 'निश्चित अंतराल अनुसूची' (Fixed-Interval Schedule - FI) वह अनुसूची है जिसमें जीव को पहला पुनर्बलन एक निश्चित समय बीतने के बाद मिलने वाली पहली अनुक्रिया पर दिया जाता है। इस अनुसूची की एक खास मनोवैज्ञानिक विशेषता 'स्कैलप प्रभाव' (Scallop Effect) है, जिसमें जीव को जैसे-जैसे पुनर्बलन का समय नजदीक आता है, उसकी अनुक्रिया दर तेजी से बढ़ जाती है और पुनर्बलन प्राप्त होते ही तुरंत बाद अनुक्रिया की दर में भारी गिरावट आ जाती है।
Share:

Related Questions

उत्तर प्रदेश की लोक कला, जनजातीय संस्कृति और मेलों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश के सोनभद्र और मिर्जापुर जिलों में निवास करने वाली 'खरवार' और 'बैगा' जनजातियों द्वारा कर्मा नृत्य किया जाता है, जो मुख्य रूप से प्रकृति की पूजा, अच्छी फसल और वर्षा की कामना से जुड़ा हुआ एक मौसमी लोक नृत्य है। 2. उत्तर प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र में दीपावली के अवसर पर अहीरों (यादव समुदाय) द्वारा किया जाने वाला 'पाई-डंडा' नृत्य गुजरात के डांडिया नृत्य के समान होता है, जिसमें नर्तक हाथों में डंडे लेकर युद्ध कला की मुद्रा में नृत्य करते हैं। 3. उत्तर प्रदेश के प्रसिद्ध 'सैयेद सलार मसूद गाजी' का मेला प्रतिवर्ष बहराइच जिले में आयोजित किया जाता है, जो हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदायों की आस्था का एक प्रमुख प्रतीक है और यह राज्य के सबसे बड़े मेलों में से एक माना जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं? उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन के अंतर्गत 'विंध्यन पर्वतीय क्षेत्र' (Vindhyan Region) और उसके भौतिक स्वरूप के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश के दक्षिण-पूर्वी और दक्षिणी हिस्से में स्थित यह क्षेत्र मुख्य रूप से विंध्यन क्रम की प्राचीन बलुआ पत्थर, चूना पत्थर और शेल (Shale) जैसी अवसादी चट्टानों से निर्मित है, जो सोनभद्र और मिर्जापुर जिलों तक विस्तृत हैं। 2. इस क्षेत्र की प्रमुख नदियाँ जैसे बेलन, कनहर और रिहंद उत्तर प्रदेश के पठारी भाग से बहती हुई सोन नदी में मिलती हैं, और इन नदियों की घाटियों में प्राचीन पाषाण युगीन (Prehistoric) सभ्यता के महत्वपूर्ण अवशेष प्राप्त हुए हैं। 3. विंध्यन क्षेत्र की जलवायु अर्ध-शुष्क होने के कारण यहाँ वनों का विस्तार बहुत कम पाया जाता है और कृषि योग्य भूमि का प्रतिशत उत्तर प्रदेश के मैदानी भागों की तुलना में काफी अधिक है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं? प्राचीन भारतीय इतिहास एवं उत्तर प्रदेश के पुरातत्व के संदर्भ में, राज्य के किस जनपद में स्थित 'ल्हौरादेव' (Lahuradeva) पुरास्थल से भारतीय उपमहाद्वीप में चावल (धान) के प्राचीनतम साक्ष्य (लगभग 8000 ईसा पूर्व से 9000 ईसा पूर्व) प्राप्त हुए हैं? उत्तर प्रदेश के वन्यजीव संरक्षण, पक्षी विहारों और उनकी विशिष्ट अवस्थिति के संदर्भ में निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए: 1. बख्शी तालाब पक्षी विहार - लखनऊ 2. समान पक्षी विहार - मैनपुरी 3. पार्वती अरगा पक्षी विहार - गोंडा 4. ओखला पक्षी विहार - गौतम बुद्ध नगर और गाजियाबाद उपर्युक्त युग्मों में से कौन-से सही सुमेलित हैं? हिंदी भाषा और व्याकरण के अंतर्गत 'वाक्य रचना' और 'अर्थ के आधार पर वाक्य भेद' के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. अर्थ के आधार पर वाक्य के कुल आठ भेद होते हैं, जिनमें 'विधानवाचक', 'निषेधवाचक', 'प्रश्नवाचक', 'आज्ञावाचक', 'इच्छावाचक', 'संदिग्धवाचक' (या संदेहवाचक), 'संकेतवाचक' और 'विस्मयबोधक' वाक्य शामिल हैं। 2. 'शायद आज शाम को भारी वर्षा हो' यह वाक्य 'संदेहवाचक वाक्य' का एक उत्कृष्ट उदाहरण है, क्योंकि इसमें क्रिया के होने में संदेह या अनिश्चितता का बोध होता है। 3. 'यदि तुम परिश्रम करते, तो अवश्य सफल होते' यह वाक्य 'इच्छावाचक वाक्य' के अंतर्गत आता है, क्योंकि इसमें वक्ता अपनी किसी तीव्र इच्छा या शुभकामना को व्यक्त कर रहा होता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.