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Geography
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संगमरमर (Marble) किस प्रकार की चट्टान का उदाहरण है?

Detailed Explanation

संगमरमर एक कायांतरित चट्टान (Metamorphic Rock) है, जो चूना पत्थर के ताप और दबाव से रूपांतरित होने पर बनती है।
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→ महासागरीय उच्चावच, ज्वार-भाटा की गतिकी और प्रमुख जलसंधियों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. महासागरीय मग्नतट (Continental Shelf) महाद्वीपों का डूबा हुआ सीमांत भाग होता है, जिसकी औसत गहराई 200 मीटर तक होती है और यह क्षेत्र विश्व के सबसे समृद्ध मतस्य क्षेत्रों तथा पेट्रोलियम भंडारों के रूप में जाने जाते हैं। 2. 'अपजीय ज्वार' (Apogean Tide) कीोत्पत्ति तब होती है जब चंद्रमा पृथ्वी से अपनी अधिकतम दूरी (अपभू / Apogee) पर होता है, जिसके परिणामस्वरूप सामान्य ज्वार की तुलना में लगभग 20% नीचा ज्वार उत्पन्न होता है। 3. 'मलक्का जलसंधि' (Strait of Malacca) हिंद महासागर को प्रशांत महासागर (दक्षिण चीन सागर) से जोड़ती है तथा यह सुमात्रा द्वीप (इंडोनेशिया) और मलय प्रायद्वीप के बीच स्थित है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार वृहत ज्वार (Spring Tide) प्रत्येक माह की पूर्णिमा और अमावस्या को आते हैं, क्योंकि इस स्थिति में सूर्य, पृथ्वी और चंद्रमा एक सीधी रेखा (सिजिगी) में होते हैं और उनके गुरुत्वाकर्षण बल संयुक्त रूप से कार्य करते हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? → भारत के खनिज और ऊर्जा संसाधनों की भौगोलिक अवस्थिति, उनके निक्षेपों और परमाणु खनिजों के वितरण के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भारत में गोंडवाना युगीन कोयला निक्षेप मुख्य रूप से दामोदर, महानदी, सोन और गोदावरी नदी घाटियों के बेसिन में संकेंद्रित हैं, और देश के कुल कोयला भंडार का सबसे बड़ा हिस्सा 'एंथरासाइट' (Anthracite) श्रेणी के कोयले का है। 2. देश में पेट्रोलियम के प्रमुख अपतटीय (Offshore) क्षेत्र 'बॉम्बे हाई' (मुर्गा बेसिन), कृष्णा-गोदावरी (KG) बेसिन और असम के डिगबोई एवं नाहरकटिया क्षेत्र हैं, जहाँ टर्शरी युगीन अवसादी चट्टानों में हाइड्रोकार्बन संचित हैं। 3. भारत के झारखंड राज्य में स्थित 'जादूगोड़ा' (Jaduguda) यूरेनियम के खनन के लिए विश्व प्रसिद्ध है, जबकि देश में थोरियम का सबसे बड़ा भंडार केरल और तमिलनाडु के तटीय क्षेत्रों में पाई जाने वाली 'मोनाज़ाइट' (Monazite) रेत में प्रचुर मात्रा में मौजूद है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार भारत में परमाणु ऊर्जा उत्पादन के लिए आवश्यक थोरियम का उपयोग करने हेतु तीन-चरण वाले भारतीय परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम की रूपरेखा डॉ. होमी जहांगीर भाभा द्वारा तैयार की गई थी। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? → पृथ्वी के प्रमुख भू-आकृतिक स्वरूपों—पर्वतों, पठारों, मैदानों और मरुस्थलों—की उत्पत्ति और विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'ब्लैक फॉरेस्ट' (जर्मनी) और 'वास्जेस' (फ्रांस) ब्लॉक पर्वतों (Block Mountains) के उत्कृष्ट उदाहरण हैं, जिनका निर्माण विवर्तनिक तनाव (Tension) के कारण उत्पन्न भ्रंशों (Faults) और भू-पटल के धंसने या उठने से होता है। 2. 'छोटा नागपुर का पठार' और 'पामीर का पठार' दोनों ही अंतर्पर्वतीय पठार (Intermontane Plateaus) के क्लासिक उदाहरण हैं, जो चारों तरफ से ऊँची पर्वत श्रेणियों से घिरे होते हैं। 3. 'गोबी मरुस्थल' एक शीत मरुस्थल (Cold Desert) है, जो मंगोलिया और चीन के कुछ हिस्सों में स्थित है, और इसकी शुष्कता का मुख्य कारण उच्च अक्षांशीय स्थिति के साथ-साथ हिमालय और अन्य पर्वत श्रेणियों द्वारा नमीयुक्त मानसूनी हवाओं को रोकना (वृष्टिछाया प्रभाव) है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार 'ग्रेट बेसिन मरुस्थल' संयुक्त राज्य अमेरिका का एक उष्णकटिबंधीय व्यापारिक हवाओं वाला मरुस्थल है, जो महाद्वीप के पूर्वी तट पर स्थित होने के कारण अत्यधिक वर्षा प्राप्त करता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? → भारत के प्रमुख पर्वतीय दरों (Mountain Passes) और उनकी अवस्थिति/संयोजकता के संदर्भ में, निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए: 1. ज़ोजिला दर्रा (Zoji La) - यह जांस्कर श्रेणी में स्थित है जो श्रीनगर को लेह (लद्दाख) से सड़क मार्ग द्वारा जोड़ता है और सिंधु नदी इस दर्रे के पास से प्रवाहित होती है। 2. शिपकी ला दर्रा (Shipki La) - यह हिमाचल प्रदेश में जांस्कर श्रेणी में स्थित है, जिसके पास से सतलुज नदी भारत में तिब्बत से प्रवेश करती है। 3. बोमडिला दर्रा (Bomdi La) - यह अरुणाचल प्रदेश में महान हिमालयी श्रेणी में स्थित है जो तवांग को तिब्बत के ल्हासा से जोड़ता है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार नीति दर्रा (Niti Pass) उत्तराखंड को तिब्बत से जोड़ता है जो ग्रेटर हिमालयी क्षेत्र में स्थित एक प्रमुख व्यापारिक मार्ग है। उपर्युक्त युग्मों में से कौन-से युग्म सही सुमेलित हैं? → भारत की जलवायु और मानसून की क्रियाविधि के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'जेट स्ट्रीम' (Jet Stream) सिद्धांत के अनुसार, ग्रीष्मकाल में उष्णकटिबंधीय पूर्वी जेट स्ट्रीम (Tropical Easterly Jet Stream) का तिब्बती पठार के दक्षिण में स्थापित होना भारतीय ग्रीष्मकालीन मानसून के आगमन और उसकी सक्रियता के लिए अत्यंत अनुकूल परिस्थिति का निर्माण करता है। 2. 'सोमाली जेट' (Somali Jet) या पश्चिमी अफ्रीकी-अरब जेट स्ट्रीम, जो ग्रीष्मकाल में पूर्वी अफ्रीका के तट के सहारे मस्कारेन उच्च वायुदाब से उठकर भारतीय प्रायद्वीप की ओर प्रवाहित होती है, दक्षिण-पश्चिमी मानसून हवाओं को तीव्र गति प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। 3. 'ला-निना' (La Nina) की घटना के दौरान भूमध्यरेखीय प्रशांत महासागर के पूर्वी भाग में जल का तापमान सामान्य से अधिक हो जाता है, जिससे भारतीय उपमहाद्वीप पर मानसून की वर्षा कमजोर हो जाती है और सूखा पड़ने की संभावना बढ़ जाती है। 4. उत्तर-पश्चिम भारत और पाकिस्तान के मैदानी क्षेत्रों में ग्रीष्मकाल के अंत में विकसित होने वाला तीव्र तापीय निम्न वायुदाब क्षेत्र (Thermal Low) दक्षिण-पश्चिमी मानसून की हवाओं को अपनी ओर आकर्षित करने के लिए एक प्रमुख शोषक (Suction) का कार्य करता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
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