BaalVikas
Menu
Child Development
Asked 2 months ago · Viewed 26 times

राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा (NCF 2005) तथा शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE Act 2009) के तात्विक, वैधानिक और pedagogic (शैक्षणिक) प्रावधानों का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, यदि एक विद्यालय समावेशी शिक्षा की भावना के अनुरूप सभी बच्चों को गुणवत्तापूर्ण प्रारंभिक शिक्षा प्रदान करने के लिए बाल-केंद्रित दृष्टिकोण, ज्ञान को बाहरी जीवन से जोड़ने, रटने की प्रणाली से मुक्त करने और सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) को लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है, तो इन दोनों दस्तावेजों के अंतर्संबंधों और उनके मूल दर्शन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?

Detailed Explanation

राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा (NCF 2005) और निःशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE Act 2009) दोनों ही भारत में स्कूली शिक्षा के गुणात्मक सुधार और बाल-केंद्रित शिक्षा के आधार स्तंभ हैं। NCF 2005 शिक्षा के दार्शनिक, मनोवैज्ञानिक और शैक्षणिक आयामों (जैसे- ज्ञान को बाहरी जीवन से जोड़ना, रटने की पद्धति का अंत) की रूपरेखा प्रस्तुत करता है, जबकि RTE Act 2009 इसी दर्शन को एक कानूनी अधिकार (Article 21A के अंतर्गत) के रूप में धरातल पर उतारता है। इस संदर्भ में अधिक जानकारी के लिए विकिपीडिया संदर्भ देखा जा सकता है।
Share:
अगला प्रश्न → बुद्धि के त्रि-आयामी सिद्धांत (Structure of Intellect Model) के प्रतिपादक… ← पिछला प्रश्न बाल विकास के सिद्धांतों के अंतर्गत 'विकास की अनवरतता का…

Related Questions

→ समावेशी शिक्षा (Inclusive Education) के मूल दर्शन तथा नि:शुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE Act 2009) के प्रावधानों का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, यदि एक सामान्य विद्यालय में विभिन्न अक्षमताओं (जैसे दृष्टिबाधकता, श्रवणबाधकता, चलन दिव्यांगता और विशिष्ट अधिगम विकलांगता) से ग्रसित बच्चों के साथ-साथ सामाजिक रूप से वंचित पृष्ठभूमि के बच्चों को भी एक ही छत के नीचे समान शैक्षणिक वातावरण प्रदान किया जा रहा है, तो इस समावेशी परिवेश में 'विभेदीकृत अनुदेशन' (Differentiated Instruction) और 'सार्वभौमिक डिजाइन अधिगम' (Universal Design for Learning - UDL) के अनुप्रयोग के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है? → गेस्टाल्ट मनोवैज्ञानिकों—मैक्स वर्दीहाइमर, कुर्त कोफ्का और वोल्फगैंग कोहलर द्वारा प्रतिपादित 'सूझ या अंतर्दृष्टि का सिद्धांत' (Insight Theory of Learning) के तात्विक और संज्ञानात्मक स्वरूप का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, यदि वोल्फगैंग कोहलर द्वारा चिम्पैंजी 'सुल्तान' पर किए गए प्रयोग के दौरान यह देखा गया कि सुल्तान ने छड़ियों को आपस में जोड़कर या बक्से को एक के ऊपर एक रखकर केले तक पहुँचने की समस्या का समाधान अचानक (अकस्मात) किया, न कि क्रमिक और यांत्रिक प्रयासों से, तो इस अधिगम सिद्धांत की मूल गतिकी और वैचारिक विशेषताओं के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है? → अधिगम के मनोविज्ञान के अंतर्गत एडवर्ड थार्नडाइक के 'प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत' (Trial and Error Theory), इवान पावलव के 'शास्त्रीय अनुबंधन सिद्धांत' (Classical Conditioning Theory) तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रूत अनुबंधन सिद्धांत' (Operant Conditioning Theory) की तात्विक, तुलनात्मक और प्रयोगात्मक गतिकी का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, यदि एक जीव किसी उद्दीपक के प्रति पहले से मौजूद किसी स्वाभाविक अनुक्रिया को किसी कृत्रिम उद्दीपक के साथ जोड़ना सीखता है, जबकि दूसरे परिदृश्य में जीव स्वयं अपनी इच्छा से कोई क्रिया (सक्रिय व्यवहार) करके वातावरण को प्रभावित करता है और उसके परिणाम स्वरूप मिलने वाले 'प्रबलन' (Reinforcement) से उसके व्यवहार की आवृत्ति बढ़ती या घटती है, तो इन दोनों अधिगम स्वरूपों (पावलव का अनुबंधन और स्किनर का अनुबंधन) के मध्य तात्विक और क्रियात्मक अंतर के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है? → बाल विकास में 'वंशानुक्रम' (Heredity) और 'वातावरण' (Environment) की अंतःक्रियात्मक गतिकी तथा उनके सापेक्षिक योगदान का तात्विक विश्लेषण करने पर, रॉबर्ट एनास्टेसी (Anne Anastasi) के इस दृष्टिकोण के आलोक में कि 'वंशानुक्रम और वातावरण दोनों में से किसी एक के बिना विकास असंभव है और उनका संबंध योगात्मक न होकर गुणात्मक (Multiplicative) है', निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इस वैज्ञानिक तथ्य को सर्वाधिक सटीक रूप से स्पष्ट करता है? → निम्नलिखित में से कौन सा कथन विकास के 'समीप - दूराभिमुख' सिद्धांत का प्रतिनिधित्व करता है? → लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना करते हुए कैरोल गिलिगन ने यह तर्क दिया कि कोहलबर्ग के मूल अध्ययन में केवल पुरुषों को शामिल किए जाने के कारण उनका सिद्धांत 'न्याय के दृष्टिकोण' (Justice Perspective) पर अत्यधिक बल देता है, जबकि महिलाओं का नैतिक विकास 'देखभाल और संबंधों के दृष्टिकोण' (Care and Perspective) पर आधारित होता है। इस वैचारिक भिन्नता और कोहलबर्ग के सिद्धांत के अंतिम स्तर (सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास) तथा गिलिगन के देखभाल के नैतिकता के चरणों के बीच के अंतर्संबंध का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.