BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Geography
10 views

भारत के प्रमुख पर्वतीय दरों (Mountain Passes) और उनकी अवस्थिति/संयोजकता के संदर्भ में, निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए:

  1. 1. ज़ोजिला दर्रा (Zoji La) - यह जांस्कर श्रेणी में स्थित है जो श्रीनगर को लेह (लद्दाख) से सड़क मार्ग द्वारा जोड़ता है और सिंधु नदी इस दर्रे के पास से प्रवाहित होती है।
  2. 2. शिपकी ला दर्रा (Shipki La) - यह हिमाचल प्रदेश में जांस्कर श्रेणी में स्थित है, जिसके पास से सतलुज नदी भारत में तिब्बत से प्रवेश करती है।
  3. 3. बोमडिला दर्रा (Bomdi La) - यह अरुणाचल प्रदेश में महान हिमालयी श्रेणी में स्थित है जो तवांग को तिब्बत के ल्हासा से जोड़ता है।
  4. 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार नीति दर्रा (Niti Pass) उत्तराखंड को तिब्बत से जोड़ता है जो ग्रेटर हिमालयी क्षेत्र में स्थित एक प्रमुख व्यापारिक मार्ग है।

उपर्युक्त युग्मों में से कौन-से युग्म सही सुमेलित हैं?

Detailed Explanation

युग्म 1 सही है: ज़ोजिला दर्रा (Zoji La) जांस्कर श्रेणी में स्थित है जो कश्मीर घाटी को लेह (लद्दाख) से जोड़ता है। युग्म 2 सही है: शिपकी ला दर्रा हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले में जांस्कर रेंज में स्थित है और सतलुज नदी इसी दर्रे के पास से भारत में प्रवेश करती है। युग्म 3 गलत है: बोमडिला दर्रा अरुणाचल प्रदेश के पश्चिमी कामेंग जिले में स्थित है जो तवांग को असम के मैदानों से जोड़ता है, न कि सीधे तिब्बत के ल्हासा से (ल्हासा जाने के लिए मुख्य रूप से बुमला दर्रा अधिक प्रसिद्ध है)। युग्म 4 सही है: नीति दर्रा उत्तराखंड राज्य में महान हिमालय क्षेत्र में स्थित है जो उत्तराखंड को तिब्बत से जोड़ता है। अतः सही विकल्प (b) है।
Share:

Related Questions

भारत में कृषि पद्धतियों, फसल विविधीकरण और प्रमुख फसलों के भौगोलिक वितरण के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 'श्री पद्धति' (System of Rice Intensification - SRI), जिसे धान की गहन खेती की विधि भी कहा जाता है, में पारंपरिक विधि की तुलना में कम बीज, कम पानी और कम रासायनिक उर्वरकों का उपयोग किया जाता है, तथा इसमें पौधों के बीच की दूरी अधिक रखी जाती है ताकि जड़ों का विकास बेहतर हो सके। 2. भारत में 'रबी की फसलें' मुख्य रूप से अक्टूबर-नवंबर में बोई जाती हैं और मार्च-अप्रैल में काटी जाती हैं, तथा इन फसलों के सफल उत्पादन के लिए पश्चिमी विक्षوب (Western Disturbances) से होने वाली शीतकालीन वर्षा अत्यधिक लाभकारी मानी जाती है। 3. 'मोटे अनाजों' (Millets या श्री अन्न), जैसे ज्वार, बाजरा और रागी, का उत्पादन मुख्य रूप से देश के उच्च वर्षा वाले और सिंचित मैदानी भागों में किया जाता है, क्योंकि इन फसलों को अंकुरण और विकास के लिए लगातार प्रचुर मात्रा में नमी की आवश्यकता होती है। 4. वाणिज्यिक फसल 'गन्ना' (Sugarcane) के उत्पादन के लिए उष्णकटिबंधीय जलवायु, 75 से 100 सेमी वार्षिक वर्षा और 21°C से 27°C के बीच तापमान की आवश्यकता होती है, और यह एक दीर्घकालिक फसल है जो उत्तर भारत के मुकाबले प्रायद्वीपीय भारत में अधिक शर्करा की मात्रा (Sucrose Content) प्रदान करती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? भारतीय मानसून की क्रियाविधि और वर्षा के स्थानिक वितरण को प्रभावित करने वाले कारकों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. दक्षिण-पश्चिम मानसून की वर्षा का स्थानिक वितरण मुख्य रूप से उच्चावच (Relief) और स्थलाकृतिक अवरोधों पर निर्भर करता है, यही कारण है कि पश्चिमी घाट के पवन-विमुख (Leeward) ढाल पर स्थित वृष्टिछाया क्षेत्र में बहुत कम वर्षा होती है। 2. 'अल नीनो' (El Niño) परिघटना के दौरान प्रशांत महासागर के पूर्वी और मध्य भूमध्यरेखीय क्षेत्रों में समुद्री सतह के तापमान में असामान्य वृद्धि होती है, जो पेरू तट के पास ठंडी धाराओं को मजबूत करती है और सामान्यतः भारतीय मानसून को अत्यधिक प्रबल तथा सक्रिय बनाती है। 3. 'भारतीय हिंद महासागर द्विध्रुव' (Indian Ocean Dipole - IOD) का 'सकारात्मक चरण' (Positive Phase) पश्चिमी हिंद महासागर को अधिक गर्म और पूर्वी हिंद महासागर को अपेक्षाकृत ठंडा बनाता है, जो भारत में दक्षिण-पश्चिम मानसून की वर्षा को बढ़ाने में अनुकूल भूमिका निभाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से कथन सही है/हैं? भारत के भौगोलिक विस्तार, अक्षांशीय-देशांतीय स्थिति, सीमावर्ती रेखाओं और चरम बिंदुओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भारत की मुख्य भूमि का विस्तार 8°4' उत्तर से 37°6' उत्तर अक्षांशों के मध्य है, तथा देशांतीय विस्तार 68°7' पूर्व से 97°25' पूर्व तक है, जिसके कारण देश के सबसे पश्चिमी (गुहार मोती) और सबसे पूर्वी (किबिथू) बिंदु के बीच स्थानीय समय में लगभग 2 घंटे (116 मिनट) का अंतर पाया जाता है। 2. भारत का मानक समय (IST) 82.5° पूर्वी देशांतर रेखा पर आधारित है, जो उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर के पास नैनी से गुजरती है और यह ग्रीनविच मीन टाइम (GMT) से 5.5 घंटे आगे है, तथा यह देशांतर रेखा कुल 6 राज्यों (उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, ओडिशा, आंध्र प्रदेश और झारखंड) से होकर गुजरती है। 3. भारत की भू-सीमा (स्थलीय सीमा) की कुल लंबाई लगभग 15,106.7 किलोमीटर है, जो कुल 7 देशों (पाकिस्तान, अफगानिस्तान, चीन, नेपाल, भूटान, म्यांमार और बांग्लादेश) के साथ अपनी सीमा साझा करती है, जिसमें सबसे लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा बांग्लादेश के साथ और सबसे छोटी सीमा अफगानिस्तान के साथ लगती है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार भारत का सबसे दक्षिणी बिंदु (इंदिरा पॉइंट) ग्रेट निकोबार द्वीप समूह में 6°45' उत्तर अक्षांश पर स्थित है, जिसे पहले 'पिगमेलियन पॉइंट' या 'पारson पॉइंट' के नाम से भी जाना जाता था। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? भारत के खनिज और ऊर्जा संसाधनों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भारत के कुल कोयला उत्पादन का अधिकांश हिस्सा गोंडवाना क्रम की चट्टानों से प्राप्त होता है, जिसमें मुख्य रूप से बिटुमिनस प्रकार का कोयला पाया जाता है, जबकि टर्शरी कालीन कोयला मुख्य रूप से असम, अरुणाचल प्रदेश और मेघालय जैसे उत्तर-पूर्वी राज्यों में मिलता है जो उच्च गंधक (High Sulphur) युक्त होता है। 2. 'बॉम्बे हाई' (Mumbai High) अपतटीय पेट्रोलियम क्षेत्र खंभात बेसिन के अंतर्गत अरब सागर के महाद्वीपीय शेल्फ पर स्थित है, जहाँ पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस के मुख्य भंडार 'ओलिगोसीन' (Oligocene) और 'म miocene' (मायोसीन) युग की चूना पत्थर संरचनाओं में संकेंद्रित हैं। 3. भारत में परमाणु ऊर्जा के लिए आवश्यक 'यूरेनियम' का उत्पादन झारखंड के जादूगोड़ा के अतिरिक्त आंध्र प्रदेश के तुम्मलापल्ली क्षेत्र से भी बड़े पैमाने पर किया जाता है, जहाँ डोलोमाइट चट्टानों में यूरेनियम के विशाल भंडार पाए गए हैं। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार भारत का पहला कोयला खनन क्षेत्र रानीगंज (पश्चिम बंगाल) है, जिसकी शुरुआत वर्ष 1774 में ईस्ट इंडिया कंपनी के शासनकाल में की गई थी। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं? महासागरीय जलधाराओं (Ocean Currents) के वितरण, उनकी उत्पत्ति के चालकों तथा उनके क्षेत्रीय प्रभावों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. महासागरीय जलधाराओं की दिशा और गति को नियंत्रित करने वाले प्राथमिक कारकों में प्रचलित हवाएँ (जैसे व्यापारिक और पछुआ हवाएँ), पृथ्वी का घूर्णन (कोरियोलिस बल), तथा जल के घनत्व में भिन्नता (तापमान और लवणता के कारण) शामिल हैं। 2. 'बेंगुएला जलधारा' (Benguela Current) दक्षिणी अटलांटिक महासागर में प्रवाहित होने वाली एक गर्म जलधारा है, जो दक्षिण अफ्रीका के पश्चिमी तट के सहारे उत्तर की ओर बहते हुए नामिब मरुस्थल के निर्माण में वर्षा के लिए अनुकूल परिस्थितियाँ पैदा करती है। 3. क्यूरोशियो जलधारा (Kuroshio Current) प्रशांत महासागर में उत्तर की ओर बहने वाली एक गर्म जलधारा है, जो जापान के पूर्वी तट के सहारे बहती हुई उत्तरी प्रशांत प्रवाह में मिल जाती है और इस क्षेत्र को मत्स्यन के लिए अनुकूल बनाती है। 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार महासागरीय जलधाराएँ पृथ्वी के तापमान को संतुलित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं और विश्व के सबसे बड़े और समृद्ध मत्स्यन क्षेत्र ठंडी और गर्म जलधाराओं के मिलने वाले स्थानों पर ही विकसित होते हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.