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Geography
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भारत की जनगणना 2011 के अंतिम आँकड़ों तथा मानवजातियों (Racial/Ethnic Groups) एवं जनसंख्या वितरण के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. भारत की कुल जनसंख्या में अनुसूचित जातियों (Scheduled Castes - SC) का प्रतिशत लगभग 16.6% है, और संख्या की दृष्टि से इस वर्ग की सर्वाधिक आबादी 'उत्तर प्रदेश' राज्य में निवास करती है, जबकि कुल जनसंख्या में इनके अनुपात (प्रतिशत) के मामले में 'पंजाब' राज्य शीर्ष पर है।
- 2. वर्ष 2001-2011 के दौरान देश के 'नागालैंड' राज्य में दशकीय जनसंख्या वृद्धि दर नकारात्मक (-0.58%) दर्ज की गई थी, जो संपूर्ण भारत में एकमात्र ऐसा राज्य रहा जहाँ जनसंख्या घटी थी।
- 3. भारत की कुल नगरीय जनसंख्या का सबसे बड़ा हिस्सा 'महाराष्ट्र' राज्य में निवास करता है, जिसके पश्चात दूसरा स्थान 'उत्तर प्रदेश' राज्य का आता है, किंतु यदि कुल राज्य की जनसंख्या में नगरीय आबादी के प्रतिशत (स्तर) को देखा जाए तो 'गोवा' राज्य सबसे आगे है।
- 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार वर्ष 2011 की जनगणना के समय भारत का कुल लिंगानुपात (Sex Ratio) 943 दर्ज किया गया था, जिसमें केरल राज्य (1084) देश में सर्वोच्च स्थान पर था, जबकि केंद्र शासित प्रदेशों में पुडुचेरी एकमात्र ऐसा क्षेत्र था जहाँ लिंगानुपात महिलाओं के पक्ष में (1037) अनुकूल था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
दिए गए सभी कथन पूर्णतः सत्य हैं। वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार, भारत की कुल जनसंख्या में अनुसूचित जातियों (SC) का अनुपात 16.6% है, जिनकी सर्वाधिक कुल संख्या उत्तर प्रदेश में तथा उच्चतम प्रतिशत पंजाब (लगभग 31.9%) में है। नागालैंड एकमात्र ऐसा राज्य था जहाँ नकारात्मक दशकीय वृद्धि दर दर्ज की गई। नगरीय जनसंख्या की कुल संख्या के मामले में महाराष्ट्र प्रथम और उत्तर प्रदेश द्वितीय स्थान पर है, जबकि नगरीकरण के प्रतिशत में गोवा शीर्ष पर है। लिंगानुपात के मामले में केरल और पुडुचेरी के आंकड़े भी तथ्यात्मक रूप से सही हैं। विकिपीडिया संदर्भ
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भारतीय मानसून की उत्पत्ति, क्रियाविधि और वर्षा के स्थानिक वितरण के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. ग्रीष्मकाल के दौरान तिब्बत का पठार अत्यधिक गर्म हो जाता है, जिससे वहाँ एक गहन निम्न वायुदाब क्षेत्र विकसित होता है, जो समुद्र तल से लगभग 9 किलोमीटर की ऊँचाई तक क्षोभमंडल के ऊपरी स्तर पर एक शक्तिशाली प्रति-चक्रवात (Anticyclone) और 'उपोष्ण कटिबंधीय पूर्वी जेट स्ट्रीम' (Tropical Easterly Jet Stream) को जन्म देता है।
2. 'सोमालिया जेट स्ट्रीम' (Somalia Jet Stream), जिसे 'फाइंडले जेट' भी कहा जाता है, ग्रीष्मकाल में पूर्वी अफ्रीका के तट के सहारे उत्तर-पूर्व दिशा में बहती हुई भारतीय प्रायद्वीप की ओर दक्षिण-पश्चिम मानसून हवाओं को तीव्रता प्रदान करती है।
3. पश्चिमी विक्षوب (Western Disturbances) भूमध्य सागर क्षेत्र में उत्पन्न होने वाली शीतोष्ण कटिबंधीय चक्रवाती प्रणालियाँ हैं, जो जेट स्ट्रीम के प्रभाव से पूर्व की ओर बढ़ते हुए भारतीय उपमहाद्वीप में पहुँचती हैं और उत्तर-पश्चिम भारत में ग्रीष्मकालीन मानसून के दौरान विनाशकारी बाढ़ लाती हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
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भारत के खनिज और ऊर्जा संसाधनों के वितरण, उनकी भूवैज्ञानिक संरचना तथा परमाणु खनिजों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. भारत का अधिकांश कोयला भंडार 'गोंडवाना क्रम' की चट्टानों में पाया जाता है, जिसमें उच्च कोटि का बिटुमिनस कोयला मिलता है, जबकि टर्शरी युगीन कोयला मुख्य रूप से पूर्वोत्तर राज्यों जैसे असम, अरुणाचल प्रदेश और मेघालय में पाया जाता है जिसमें सल्फर की मात्रा अधिक होती है।
2. 'राजस्थान' का जावर क्षेत्र और खेतड़ी बेल्ट तांबे के लिए प्रसिद्ध हैं, जबकि देश में 'परमाणु ऊर्जा' के विकास के लिए आवश्यक यूरेनियम के सबसे बड़े भंडार झारखंड के सिंहभूम जिले (जादुगोड़ा) के अलावा हाल ही में आंध्र प्रदेश के तुमलापल्ली और तेलंगाना में भी खोजे गए हैं।
3. भारत के अपतटीय (Offshore) क्षेत्रों में 'बॉम्बे हाई' (Mumbai High) देश का सबसे बड़ा पेट्रोलियम उत्पादक क्षेत्र है, जिसका विकास मध्य Eocene युगीन चूना पत्थर संरचनाओं के आधार पर किया गया है, और यहाँ से तेल निष्कर्षण का कार्य ONGC द्वारा किया जाता है।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार केरल के तटीय क्षेत्रों की बालू में पाया जाने वाला 'मोनोजाइट' (Monazite) थोरियम का एक प्रमुख अयस्क है, जिससे थोरियम प्राप्त किया जाता है जो भारत के दीर्घकालिक तीन-चरण वाले परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम का आधार है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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भारत के खनिज और ऊर्जा संसाधनों के भौगोलिक वितरण तथा उनकी प्रमुख विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. भारत में गोंडवाना काल का कोयला प्रमुख रूप से देश के पूर्वी और मध्य भागों (जैसे दामोदर, महानदी, सोन और गोदावरी घाटियों) में पाया जाता है, और देश के कुल कोयला भंडार व उत्पादन का अधिकांश हिस्सा इसी क्रम से प्राप्त होता है, जो धातुशोधन (Metallurgical) और ताप विद्युत उत्पादन दोनों में उपयोग होता है।
2. 'बॉक्साइट' (Bauxite), जो एल्युमिनियम का मुख्य अयस्क है, का सबसे बड़ा संचयन और उत्पादन करने वाला राज्य ओडिशा है, जहाँ यह मुख्य रूप से कालाहांडी, कोरापुट और सुंदरगढ़ जिलों की लैटेराइट चट्टानों में निक्षेपित पाया जाता है।
3. भारत के कुल पेट्रोलियम उत्पादन में अपतटीय क्षेत्र (Offshore) का योगदान स्थलीय (Onshore) क्षेत्र की तुलना में सबसे अधिक है, जिसमें मुंबई हाई (Mumbai High) सबसे प्रमुख अपतटीय तेल क्षेत्र है, जो खंभात की खाड़ी के दक्षिण में अरब सागर में स्थित है।
4. देश में यूरेनियम के प्रमुख भंडार मुख्य रूप से झारखंड के सिंहभूम ताम्र मेखला में स्थित जादुगोड़ा खदानों तक ही सीमित हैं, और इसके अलावा आंध्र प्रदेश के तुमलापल्ले या मेघालय के डोहाटा क्षेत्र में यूरेनियम के कोई भी बड़े नए भंडार खोजे नहीं गए हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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भारत की प्रमुख झीलों, जलप्रपातों और बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 'सरदार सरोवर परियोजना' नर्मदा नदी पर स्थित एक विशाल बहुउद्देशीय परियोजना है, जिसका लाभ मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात और राजस्थान राज्यों को मिलता है, तथा इसी परियोजना के तहत दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा 'स्टैचू ऑफ यूनिटी' निर्मित की गई है।
2. 'लोनार झील' (Lonar Lake) महाराष्ट्र के बुलढाणा जिले में स्थित एक क्रेटर झील (Crater Lake) है, जिसका निर्माण उल्कापिंड के टकराने से हुआ था, और इसे हाल ही में रामसर साइट के रूप में भी मान्यता दी गई है।
3. 'शिवसमुद्रम जलप्रपात' (Shivasamudram Falls) कावेरी नदी पर कर्नाटक राज्य में स्थित है, और इसी जलप्रपात के समीप वर्ष 1902 में एशिया का पहला जलविद्युत पावर स्टेशन स्थापित किया गया था।
4. 'हीराकुंड बांध' (Hirakud Dam) महानदी पर ओडिशा राज्य में निर्मित दुनिया का सबसे लंबा मुख्य मिट्टी और कंक्रीट आधारित बांध है, जिसके पीछे बनी कृत्रिम झील का नाम 'गोविंद वल्लभ पंत सागर' है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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वायुमंडल की विभिन्न परतों, आयनमंडलीय उप-परतों तथा वैश्विक वायुदाब पेटियों की गतिकी के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. मध्यमंडल (Mesosphere) वायुमंडल की सबसे ठंडी परत है, जहाँ ऊँचाई बढ़ने के साथ तापमान में तीव्र गिरावट आती है और इसका ऊपरी सिरा यानी 'मेसोपॉज' (Mesopause) पृथ्वी का सबसे कम तापमान (-90°C से -100°C तक) दर्ज करता है।
2. आयनमंडल (Ionosphere) के अंतर्गत 'डी-परत' (D-layer) लंबी तरंगों वाली रेडियो तरंगों को परावर्तित करती है और यह सूर्य के प्रकाश के साथ प्रकट होती है, जबकि रात के समय आयनीकरण समाप्त होने के कारण यह परत पूरी तरह से गायब हो जाती है।
3. ध्रुवीय उच्च वायुदाब पेटियाँ (Polar High-Pressure Belts) विशुद्ध रूप से गतिकीय रूप से प्रेरित (Dynamically Induced) पेटियाँ हैं, जिनका निर्माण ध्रुवीय क्षेत्रों में अत्यधिक शीत के कारण वायु के भारी होकर नीचे बैठने से होता है।
4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार क्षोभसीमा (Tropopause) पर तापमान की स्थिरता पाई जाती है, और यहाँ जेट स्ट्रीम (Jet Streams) का प्रवाह तीव्र गति से होता है जो मौसम प्रणालियों को नियंत्रित करते हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?
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