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Geography
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पवन प्रणालियों, आर्द्रता, वर्षा के प्रकार और चक्रवात के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. 'व्यापारिक पवनें' (Trade Winds) उपोष्ण उच्च वायुदाब पेटी से विषुवत रेखीय निम्न वायुदाब पेटी की ओर बहती हैं, और फेरिल के नियम तथा कोरियोलिस बल के प्रभाव के कारण उत्तरी गोलार्ध में ये उत्तर-पूर्व से दक्षिण-पश्चिम तथा दक्षिणी गोलार्ध में दक्षिण-पूर्व से उत्तर-पश्चिम की ओर विक्षेपित हो जाती हैं।
  2. 2. 'पर्वतीय वर्षा' (Orographic Rainfall) तब होती है जब आर्द्र हवाओं का कोई अवरोधक पर्वत या उच्च पठार से सामना होता है, जिससे हवाएँ ऊपर उठती हैं, ठंडी होकर संघनित होती हैं और पर्वत के प्रतिपवन ढाल (Windward Slope) पर भारी वर्षा करती हैं, जबकि विपरीत दिशा का विवृष्टिछाया क्षेत्र (Rain Shadow Area) सूखा रह जाता है।
  3. 3. उष्णकटिबंधीय चक्रवातों (Tropical Cyclones) के केंद्र में 'चक्रवात की आँख' (Eye of the Cyclone) होती है, जो अत्यंत निम्न वायुदाब, शांत मौसम, हल्की हवाओं और मेघ-रहित (आकाश साफ) दशाओं वाला क्षेत्र होता है।
  4. 4. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार शीतोष्ण कटिबंधीय चक्रवात (Temperate Cyclones) केवल महासागरीय भागों पर उत्पन्न होते हैं और उष्णकटिबंधीय चक्रवातों की तुलना में इनका आकार छोटा तथा वेग अत्यधिक तीव्र होता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1, 2 और 3 पूर्णतः सत्य हैं। व्यापारिक पवनें उपोष्ण उच्च वायुदाब पेटियों से विषुवतीय निम्न वायुदाब पेटी की ओर चलती हैं और कोरियोलिस बल के कारण उत्तरी गोलार्ध में उत्तर-पूर्वी तथा दक्षिणी गोलार्ध में दक्षिण-पूर्वी हो जाती हैं। पर्वतीय वर्षा में आर्द्र हवाएँ पर्वत के प्रतिपवन ढाल पर भारी वर्षा करती हैं और विवृष्टिछाया क्षेत्र सूखा रहता है। उष्णकटिबंधीय चक्रवात के केंद्र को 'आँख' कहते हैं जहाँ शांत मौसम और न्यूनतम दाब होता है। कथन 4 असत्य है क्योंकि शीतोष्ण कटिबंधीय चक्रवात (Temperate Cyclones) थल और जल दोनों भागों पर उत्पन्न हो सकते हैं, उनका आकार उष्णकटिबंधीय चक्रवातों की तुलना में बहुत बड़ा होता है, और विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार इनका विस्तार विशाल क्षेत्रों तक होता है।
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