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Geography
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भारत के विभिन्न भागों में पाई जाने वाली मृदाओं के सूक्ष्म पोषक तत्वों, उनके वितरण तथा भौगोलिक और रासायनिक विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. देश की 'शुष्क मृदा' (Arid Soil) मुख्य रूप से पश्चिमी राजस्थान और गुजरात के कुछ हिस्सों में पाई जाती है, जिसका रंग लाल से भूरा होता है और इसमें घुलनशील लवणों तथा फास्फोरस की मात्रा अत्यधिक अधिक होती है, जबकि नाइट्रोजन और ह्यूमस की गंभीर कमी पाई जाती है।
  2. 2. 'पीठीय या पीटमय मृदा' (Peaty Soils) भारी वर्षा और उच्च आर्द्रता वाले क्षेत्रों में वनस्पति के भारी संचय के कारण विकसित होती है, जहाँ जल की अधिकता के कारण बड़ी मात्रा में घुलनशील कार्बनिक पदार्थ जमा हो जाते हैं, और ये मृदाएँ सामान्यतः अम्लीय तथा गहरे काले या नीले रंग की होती हैं।
  3. 3. 'लाल मृदा' (Red Soil) का लाल रंग मुख्य रूप से रवेदार आग्नेय और रूपांतरित चट्टानों में लोहे के व्यापक विसरण (Diffusion) के कारण होता है, जबकि जल योजन (Hydration) के बाद जब यह पीली दिखाई देती है, तो इसे 'पीली मृदा' कहा जाता है।
  4. 4. लैटेराइट मृदा (Laterite Soil) मुख्य रूप से प्रायद्वीपीय पठार के उच्च वर्षा वाले भागों जैसे पश्चिमी घाट और मेघालय के पठार पर मिलती है, जिसमें सिलिका का पूर्ण निक्षालन हो जाने के कारण नाइट्रोजन, पोटाश और चूने की प्रचुरता होती है जबकि आयरन और एल्युमिनियम के ऑक्साइड कम पाए जाते हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है क्योंकि मरुस्थलीय या शुष्क मृदा का रंग लाल से हल्का भूरा होता है, इसमें घुलनशील लवण और फास्फोरस की अधिकता होती है, और नाइट्रोजन तथा ह्यूमस की कमी पाई जाती है। कथन 2 सही है क्योंकि पीटमय मृदा भारी वर्षा और उच्च आर्द्रता वाले क्षेत्रों में मृत जैविक पदार्थों के संचय से बनती है, जो अत्यधिक अम्लीय और गहरे रंग की होती है। कथन 3 सही है क्योंकि लाल मृदा का लाल रंग रवेदार आग्नेय चट्टानों में लोहे (फेरिक ऑक्साइड) के विसरण के कारण होता है और जलीय अवस्था में यह पीली दिखती है। कथन 4 गलत है क्योंकि लैटेराइट मृदा में सिलिका के निक्षालन (Leaching) के कारण आयरन और एल्युमिनियम के ऑक्साइड प्रचुर मात्रा में शेष रहते हैं, जबकि नाइट्रोजन, पोटाश, फास्फोरस और चूने जैसे पोषक तत्वों की इसमें भारी कमी होती है। अधिक जानकारी के लिए देखें विकिपीडिया संदर्भ
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