Geography
Asked 2 months ago · Viewed 22 times
ज्वालामुखी प्रक्रियाओं और मैग्मा के भौतिक-रासायनिक गुणों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1. मैग्मा में सिलिका की मात्रा जितनी अधिक होती है, उसकी श्यानता (Viscosity) उतनी ही अधिक होती है, जिसके कारण एंडिसिटिक और रायोलाइटिक मैग्मा अत्यधिक चिपचिपे होते हैं और गैसों को फंसाए रखकर अत्यंत विस्फोटक उद्गार उत्पन्न करते हैं।
- 2. हॉटस्पॉट (Hotspot) ज्वालामुखी गतिविधियाँ प्लेट सीमाओं के मध्य अंतरा-प्लेट (Intraplate) क्षेत्रों में होती हैं, और हवाई द्वीप समूह इसका एक प्रमुख उदाहरण है जहाँ बेसाल्टिक मैग्मा की कम श्यानता के कारण शांत प्रकार के प्रस्फुटन होते हैं।
- 3. 'पिलो लावा' (Pillow lava) का निर्माण महासागरीय नितल पर जल के नीचे (Submarine) होने वाले विस्फोटी उद्गारों के समय होता है, जहाँ संपर्क में आने वाला लावा तेजी से ठंडा होकर केवल त्रिकोणीय क्रिस्टलीय चादरों का निर्माण करता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
ज्वालामुखी उद्गार की प्रकृति मुख्य रूप से मैग्मा के तापमान, गैसों की मात्रा और उसमें उपस्थित सिलिका के प्रतिशत पर निर्भर करती है। सिलिका-युक्त मैग्मा (जैसे रायोलाइटिक और एंडिसिटिक) की श्यानता उच्च होती है, जिससे गैसें आसानी से बाहर नहीं निकल पातीं और भयंकर विस्फोट होता है। इसके विपरीत, बेसाल्टिक मैग्मा में सिलिका की मात्रा कम और फेरो-मैग्नीशियम तत्वों की अधिकता होती है, जिससे इसकी श्यानता कम होती है और यह दूर तक फैलकर शांत उद्गार (Quiet eruption) करता है जैसा कि हवाई द्वीप के हॉटस्पॉट ज्वालामुखियों में देखा जाता है। कथन 3 गलत है क्योंकि जल के नीचे (Submarine) होने वाले उद्गारों में 'पिलो लावा' (तकिए के आकार की गोल संरचनाएँ) बनता है, न कि त्रिकोणीय क्रिस्टलीय चादरें।
अगला प्रश्न →
वायुमंडल की संरचना, विभिन्न परतों और वैश्विक वायुदाब पेटियों के संदर्भ में…
← पिछला प्रश्न
भारत के प्रमुख उद्योगों और परिवहन अवसंरचना के संदर्भ में…
Related Questions
→
भारत की मृदा (मिट्टी) के प्रकार, उनकी रासायनिक विशेषताओं और भौगोलिक वितरण के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. लाल और पीली मिट्टी का लाल रंग मुख्य रूप से रवेदार और कायांतरित चट्टानों में लौह ऑक्साइड (Iron Oxide) के व्यापक प्रसार के कारण होता है, जबकि इसका पीला रंग इसमें जलयोजन (Hydration) की स्थिति के कारण प्रकट होता है।
2. लैटेराइट मिट्टी का निर्माण उच्च तापमान और अत्यधिक भारी वर्षा वाले क्षेत्रों में तीव्र 'निक्षालन' (Leaching) प्रक्रिया के परिणामस्वरुप होता है, जिसमें सिलिका जैसे घुलनशील तत्व बह जाते हैं और सतह पर लौह तथा एल्युमिनियम के ऑक्साइड्स शेष बच जाते हैं।
3. भारत की काली मृदा (रेगुर मृदा), जो मुख्य रूप से दक्कन ट्रैप के बेसाल्ट चट्टानों के अपक्षय से बनती है, में नाइट्रोजन, फास्फोरस और जैविक पदार्थों की प्रचुरता होती है, किंतु इसमें पोटाश और चूने की भारी कमी पाई जाती है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
→
भारत की प्रमुख झीलों, जलप्रपातों और बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. लोकटक झील (मणिपुर) पूर्वोत्तर भारत की मीठे पानी की सबसे बड़ी झील है, जिसमें तैरते हुए अनूठे वनस्पति और मृदा के द्वीप पाए जाते हैं जिन्हें 'फुम्दि' (Phumdis) कहा जाता है, और इसी झील पर 'केइबुल् लामजाओ' नामक विश्व का एकमात्र तैरता हुआ राष्ट्रीय उद्यान स्थित है।
2. 'कुंचिकल जलप्रपात' (Kunchikal Falls), जो शिरावती नदी पर कर्नाटक में स्थित है, भारत का सबसे ऊँचा जलप्रपात है, जिसकी कुल ऊँचाई लगभग 455 मीटर है।
3. दामोदर घाटी निगम (DVC) भारत की पहली बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजना है, जिसकी स्थापना वर्ष 1948 में अमेरिकी 'टेनेसी वैली अथॉरिटी' (TVA) के मॉडल के आधार पर की गई थी।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
→
महासागरीय उच्चावच, ज्वार-भाटा और प्रमुख जलसंधियों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. महासागरीय मग्नतट (Continental Shelf) महाद्वीपों का मंद ढाल वाला विस्तारित सीमांत भाग होता है, जिसकी औसत गहराई लगभग 200 मीटर तक होती है, और यह क्षेत्र सूर्य के प्रकाश की उपलब्धता के कारण प्लवक (Plankton) के विकास और विश्व के सबसे बड़े मत्स्यन क्षेत्रों के लिए अनुकूल होता है।
2. जब सूर्य, पृथ्वी और चंद्रमा एक समकोण (Quarter-moon / Quadrature की स्थिति) पर होते हैं, तब गुरुत्वाकर्षण बलों के विपरीत दिशा में कार्य करने के कारण लघु ज्वार (Neap Tide) उत्पन्न होता है, जो महीने में केवल एक बार पूर्णिमा के दिन आता है।
3. 'मलक्का जलसंधि' (Strait of Malacca) सुमात्रा द्वीप (इंडोनेशिया) और मलय प्रायद्वीप के बीच स्थित है, जो अंडमान सागर को दक्षिण चीन सागर से जोड़ती है और यह वैश्विक समुद्री व्यापार का एक अत्यधिक व्यस्त मार्ग है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
→
भारत की जलवायु और दक्षिण-पश्चिम मानसून की क्रियाविधि के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. जेट स्ट्रीम (Jet Streams) विशेषकर उपोष्ण कटिबंधीय पश्चिमी जेट स्ट्रीम (Subtropical Westerly Jet Stream) का शीतकाल में भारतीय उपमहाद्वीप पर तिब्बत के पठार के दक्षिण में प्रवाह होना, भारत में उत्तर-पूर्वी मानसून या शीतकालीन वर्षा के लिए उत्तरदायी है।
2. एल नीनो (El Niño) घटना के दौरान पूर्वी प्रशांत महासागर में पेरू के तट पर ठंडे जल का अपवेलिंग (Upwelling) अत्यधिक प्रबल हो जाता है, जिससे भारतीय ग्रीष्मकालीन मानसून की वर्षा में अभूतपूर्व वृद्धि होती है।
3. 'मानसून का प्रस्फोट' (Burst of Monsoon) मुख्य रूप से बंगाल की खाड़ी की शाखा द्वारा असम और मेघालय की पहाड़ियों से टकराने के बाद पूर्वोत्तर भारत में होने वाली अचानक मूसलाधार वर्षा को कहा जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
→
प्लेट विवर्तनिकी (Plate Tectonics) के संदर्भ में, 'हिमालय' का निर्माण किस प्रकार की प्लेट सीमांत क्रिया का परिणाम है?
→
पृथ्वी पर सबसे अधिक सौर ऊर्जा किस अक्षांश क्षेत्र में प्राप्त होती है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.