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General Science
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मानव शरीर के विभिन्न शारीरिक तंत्रों (पाचन, श्वसन, परिसंचरण और तंत्रिका तंत्र) की कार्यप्रणाली के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. आमाशय (Stomach) की मुख्य कोशिकाएँ (Chief cells या Peptic cells) पेप्सिनोजेन का स्रावण करती हैं, जो हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (HCl) के संपर्क में आने पर सक्रिय पेप्सिन में परिवर्तित हो जाता है, और यह प्रोटीनों को डाइपेप्टाइड्स में तोड़ने का कार्य करता है।
  2. 2. फुफ्फुसीय वेंटिलेशन (Pulmonary ventilation) के दौरान अंतःश्वसन (Inhalation) तब होता है जब डायाफ्राम और बाह्य अंतरापर्शुक पेशियाँ (External intercostal muscles) शिथिल होती हैं, जिससे वक्षीय गुहा का आयतन कम हो जाता है और फेफड़ों के भीतर का दबाव वायुमंडलीय दबाव से अधिक हो जाता है।
  3. 3. हृदय के चालन तंत्र (Conduction system) में विद्युत आवेगों का संचरण स्वतः उत्पन्न होता है, जिसकी शुरुआत सिनोट्रायल नोड (SA Node) से होती है, जिसे हृदय का 'पेसमेकर' कहा जाता है, और यह आवेग एट्रियोवेंट्रिकल (AV) नोड से होते हुए बंडल ऑफ हिस और पर्किंजे तंतुओं तक पहुँचता है।
  4. 4. केंद्रीय तंत्रिका तंत्र में बेसल गैंगलिया (Basal ganglia) स्वैच्छिक मांसपेशियों की गति के सूक्ष्म नियंत्रण और समन्वय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, तथा पार्किंसंस रोग (Parkinson's disease) मुख्य रूप से मस्तिष्क के इस भाग में न्यूरॉनों के क्षय और डोपामाइन की कमी के कारण उत्पन्न होता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है क्योंकि आमाशय की पेप्टिक या मुख्य कोशिकाएँ पेप्सिनोजेन स्रावित करती हैं जो HCl द्वारा सक्रिय होकर प्रोटीन पाचन में मदद करती हैं। कथन 2 गलत है क्योंकि अंतःश्वसन के दौरान डायाफ्राम और बाह्य अंतरापर्शुक पेशियाँ संकुचित होती हैं, जिससे वक्षीय गुहा का आयतन बढ़ता है और फेफड़ों के भीतर का दबाव वायुमंडलीय दबाव से कम हो जाता है। कथन 3 सही है क्योंकि हृदय की धड़कन की शुरुआत SA नोड से होती है और यह आवेग AV नोड, बंडल ऑफ हिस तथा पर्किंजे तंतुओं के माध्यम से वेंट्रिकल्स तक प्रसारित होता है। कथन 4 सही है क्योंकि बेसल गैंगलिया स्वैच्छिक गतियों के नियंत्रण से जुड़े हैं और डोपामाइन की कमी से पार्किंसंस रोग होता है। अधिक जानकारी के लिए विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
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