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General Science
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धातुओं के निष्कर्षण (Metallurgical Processes), संक्षारण (Corrosion) और उनके रासायनिक यौगिकों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. कॉपर पाइराइट्स ($CuFeS_2$) के प्रगालन (Smelting) के दौरान बनने वाला 'मैट' (Matte) मुख्य रूप से क्यूप्रस सल्फाइड ($Cu_2S$) और फेरस सल्फाइड ($FeS$) का मिश्रण होता है, जिसमें से आयरन की अशुद्धियों को हटाने के लिए सिलिका ($SiO_2$) को गलनक (Flux) के रूप में मिलाया जाता है।
  2. 2. 'थर्माइट वेल्डिंग' (Thermite Welding) में फेरिक ऑक्साइड ($Fe_2O_3$) का अपचयन एल्युमिनियम चूर्ण द्वारा किया जाता है, जो एक अत्यधिक ऊष्माक्षेपी (Exothermic) अभिक्रिया है और इसमें पिघला हुआ लोहा रेल की पटरियों की दरारों को भरने के काम आता है।
  3. 3. लोहे पर जंग लगने की रासायनिक परिघटना एक विद्युत-रासायनिक प्रक्रिया है, जिसमें एनोड पर लोहे का ऑक्सीकरण होकर $Fe^{2+}$ आयन बनते हैं, जबकि कैथोड पर ऑक्सीजन का अपचयन होता है और इसके निवारण के लिए 'गेल्वेनीकरण' प्रक्रिया के तहत लोहे के ऊपर जस्ते (Zinc) की परत चढ़ाई जाती है।
  4. 4. सान्द्र नाइट्रिक अम्ल ($HNO_3$) एल्युमिनियम धातु के साथ अभिक्रिया करके उसकी सतह पर एल्युमिनियम ऑक्साइड की एक निष्क्रिय (Passive) परत का निर्माण करता है, जिसके कारण एल्युमिनियम के बर्तन में नाइट्रिक अम्ल का भंडारण नहीं किया जा सकता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है: कॉपर पाइराइट्स के प्रगालन में 'मैट' प्राप्त होता है जो $Cu_2S$ और $FeS$ का मिश्रण होता है, और इसमें फेरस सल्फाइड को हटाने के लिए सिलिका गलनक मिलाया जाता है जिससे फेरस सिलिकेट ($FeSiO_3$) धातुमल के रूप में अलग होता है। कथन 2 सही है: थर्माइट प्रक्रिया में एल्युमिनियम द्वारा $Fe_2O_3$ का अपचयन होता है जो भारी मात्रा में ऊष्मा उत्पन्न करता है और द्रवित लोहा पटरियों को जोड़ने के काम आता है। कथन 3 सही है: लोहे पर जंग लगना एक विद्युत-रासायनिक सेल की तरह कार्य करता है जहाँ एनोड पर लोहे का ऑक्सीकरण होता है, और गेल्वेनीकरण द्वारा जस्ते की परत चढ़ाकर इसका संक्षारण रोका जाता है। कथन 4 गलत है: सान्द्र नाइट्रिक अम्ल एल्युमिनियम की सतह पर एल्युमिनियम ऑक्साइड की निष्क्रिय परत बनाता है जो धातु को आगे की संक्षारक क्रिया से बचाती है, और इसी निष्क्रियता के कारण एल्युमिनियम के टैंकों या बर्तनों में सान्द्र $HNO_3$ का सुरक्षित भंडारण और परिवहन किया जा सकता है, न कि इसका भंडारण असंभव होता है। धातुओं के रासायनिक गुणों और निष्कर्षण की विस्तृत जानकारी के लिए विकिपीडिया संदर्भ देखें।
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