BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Indian Polity
10 views

भारतीय संविधान के अंतर्गत उपराष्ट्रपति के निर्वाचन, उनकी पदावधि, हटाने की प्रक्रिया तथा प्रधानमंत्री और मंत्रिपरिषद से संबंधित संवैधानिक प्रावधानों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. संविधान के अनुच्छेद 66 के अनुसार उपराष्ट्रपति का निर्वाचन संसद के दोनों सदनों (लोकसभा और राज्यसभा) के सभी सदस्यों से मिलकर बनने वाले निर्वाचक गण द्वारा आनुपातिक प्रतिनिधित्व पद्धति के अनुसार एकल संक्रमणीय मत द्वारा होता है, जिसमें संसद के मनोनीत सदस्य भी भाग लेते हैं, किंतु राज्य विधानसभाओं के सदस्य इसमें भाग नहीं लेते हैं।
  2. 2. उपराष्ट्रपति को उसके पद से हटाने के लिए राज्यसभा द्वारा अपने तत्समय समस्त सदस्यों के बहुमत से पारित ऐसे संकल्प से हटाया जा सकता है जिससे लोकसभा सहमत हो, किंतु इस आशय का कोई भी प्रस्ताव तब तक प्रस्तुत नहीं किया जा सकता जब तक कि उस प्रस्ताव को प्रस्तुत करने से कम से कम 14 दिन पूर्व लिखित सूचना न दी गई हो।
  3. 3. संविधान के अनुच्छेद 75 के अंतर्गत प्रधानमंत्री की नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा की जाती है और अन्य मंत्रियों की नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा प्रधानमंत्री की सलाह पर की जाती है, तथा मंत्रिपरिषद सामूहिक रूप से लोकसभा के प्रति उत्तरदायी होती है, और किसी भी मंत्री को पद से हटाने के लिए राष्ट्रपति मंत्रिपरिषद के सामूहिक त्यागपत्र की प्रतीक्षा किए बिना केवल प्रधानमंत्री की सलाह पर व्यक्तिगत रूप से बर्खास्त कर सकता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

Detailed Explanation

उपर्युक्त तीनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। 1. अनुच्छेद 66 के अनुसार उपराष्ट्रपति के निर्वाचक मंडल में संसद के दोनों सदनों के निर्वाचित एवं मनोनीत दोनों सदस्य शामिल होते हैं, जबकि राष्ट्रपति के विपरीत इसमें राज्य विधानसभाओं के सदस्य भाग नहीं लेते। 2. अनुच्छेद 67(b) के तहत उपराष्ट्रपति को हटाने के लिए राज्यसभा के पूर्ण बहुमत (तत्समय समस्त सदस्यों के बहुमत) से पारित संकल्प और लोकसभा की सहमति आवश्यक है, साथ ही 14 दिन पूर्व सूचना देना अनिवार्य है। 3. अनुच्छेद 75 के तहत प्रधानमंत्री और मंत्रिपरिषद की नियुक्ति व बर्खास्तगी का प्रावधान है, जहाँ मंत्री व्यक्तिगत रूप से राष्ट्रपति के प्रसादपर्यंत पद धारण करते हैं और प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति किसी भी मंत्री को हटा सकता है। विस्तृत अध्ययन के लिए भारतीय संविधान एवं राजव्यवस्था के पोर्टल का संदर्भ लें।
Share:

Related Questions

कैग की नियुक्ति कौन करता है? भारतीय संविधान के ऐतिहासिक विकास के संदर्भ में, पिट्स इंडिया एक्ट, 1784 और चार्टर अधिनियम, 1833 के प्रावधानों के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. पिट्स इंडिया एक्ट, 1784 के तहत कंपनी के राजनीतिक और वाणिज्यिक कार्यों के पृथक्करण के लिए बोर्ड ऑफ़ कंट्रोल (नियंत्रण बोर्ड) की स्थापना की गई, जिसे ब्रिटिश कैबिनेट के एक सदस्य के अधीन रखा गया, जिससे भारत में द्वैध शासन प्रणाली (Double Government) की शुरुआत हुई। 2. चार्टर अधिनियम, 1833 द्वारा बंगाल के गवर्नर-जनरल को 'भारत का गवर्नर-जनरल' बना दिया गया, और इस पद पर आसीन होने वाले प्रथम व्यक्ति लॉर्ड विलियम बेंटिक थे, जिन्हें देश की पहली बार संपूर्ण नागरिक और सैन्य शक्तियों का केंद्रीयकृत नियंत्रण प्राप्त हुआ। 3. चार्टर अधिनियम, 1833 के माध्यम से ईस्ट इंडिया कंपनी के चाय और चीन के साथ व्यापारिक एकाधिकार को भी पूरी तरह से समाप्त कर दिया गया और उसे पूर्णतः एक प्रशासनिक निकाय में बदल दिया गया। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं? भारत में कितने राज्यों में विधान परिषद (द्विसदनीय व्यवस्था) वर्तमान में मौजूद है? राज्यपाल की नियुक्ति कौन करता है? वित्त आयोग किस अनुच्छेद में है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.