BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

Civil services
6 views

भारतीय और विश्व भूगोल के संदर्भ में, 'भूमध्यसागरीय जलवायु' (Mediterranean Climate) और उससे संबंधित विशेषताओं के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. भूमध्यसागरीय जलवायु मुख्य रूप से महाद्वीपों के पश्चिमी किनारों पर 30° से 45° उत्तर और दक्षिण अक्षांशों के बीच पाई जाती है, और इसकी सबसे अनूठी विशेषता शुष्क ग्रीष्मकाल (Dry summers) तथा वर्षा ऋतु का सर्दियों में होना है।
  2. 2. इस क्षेत्र में सर्दियों के दौरान वर्षा का मुख्य कारण पछुआ पवनों (Westerlies) का उत्तर की ओर खिसकना है, क्योंकि गर्मियों में यह क्षेत्र व्यापारिक पवनों (Trade Winds) के प्रभाव में आ जाता है जो अपतटीय (Offshore) होने के कारण वर्षा नहीं करती हैं।
  3. 3. भूमध्यसागरीय जलवायु वाले क्षेत्रों में खट्टे रसदार फल (Citrus fruits) जैसे कि संतरा, नींबू, अंजीर और अंगूर का बड़े पैमाने पर उत्पादन किया जाता है, जिसके कारण इन क्षेत्रों को दुनिया का 'फल कटोरा' (Orchards of the world) भी कहा जाता है, तथा यहाँ वाइन निर्माण (Viticulture) का कार्य प्रमुखता से किया जाता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है: भूमध्यसागरीय जलवायु मुख्य रूप से महाद्वीपों के पश्चिमी किनारों पर लगभग 30° से 45° उत्तर और दक्षिण अक्षांशों के बीच पाई जाती है। इसकी सबसे विशिष्ट विशेषता गर्म, शुष्क ग्रीष्मकाल और हल्की, वर्षा वाली सर्दियाँ हैं। कथन 2 गलत है: गर्मियों में यह क्षेत्र उपोष्णकटिबंधीय उच्च दबाव पेटियों (Subtropical High-Pressure Belts) और व्यापारिक पवनों के प्रभाव में होता है, जो महाद्वीपों के पश्चिमी किनारों पर अपतटीय (Offshore) होती हैं और वर्षा नहीं करतीं। सर्दियों में पृथ्वी के परिक्रमण के कारण दबाव पेटियाँ और पवन प्रणालियाँ दक्षिण की ओर (उत्तरी गोलार्ध में) खिसक जाती हैं, जिससे यह क्षेत्र पछुआ पवनों (Westerlies) के प्रभाव में आ जाता है, जो महासागरों से नमी लाकर सर्दियों में चक्रवाती वर्षा करती हैं, न कि पछुआ पवनों के उत्तर की ओर खिसकने से। कथन 3 सही है: भूमध्यसागरीय जलवायु वाले क्षेत्रों में खट्टे फल (जैसे अंगूर, संतरा, जैतून, अंजीर) का उत्पादन बड़े पैमाने पर होता है। गर्मियों में शुष्क धूप मिलने के कारण यहाँ अंगूर की खेती (Viticulture) बहुत अच्छी होती है जिससे उच्च कोटि की मदिरा (Wine) बनाई जाती है। इसीलिए इन क्षेत्रों को विश्व के 'ऑर्चर्ड्स' या फलों का क्षेत्र कहा जाता है।
Share:

Related Questions

भारतीय राजव्यवस्था और संविधान के संदर्भ में, भारतीय संविधान के 'अनुच्छेद 371' (Article 371) के अंतर्गत विभिन्न राज्यों के लिए किए गए विशेष प्रावधानों और उनके उद्देश्यों के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. संविधान के अनुच्छेद 371-A के तहत नागालैंड राज्य के संबंध में विशेष प्रावधान किए गए हैं, जिसके अनुसार संसद का कोई भी अधिनियम नागाओं के धार्मिक या सामाजिक प्रथाओं, नागा रूढ़िगत कानून और प्रथाओं, तथा रूढ़िगत कानून के अनुसार सिविल या आपराधिक न्याय के प्रशासन से संबंधित मामलों में तब तक लागू नहीं होगा जब तक कि नागालैंड राज्य की विधानसभा एक प्रस्ताव द्वारा ऐसा निर्णय न ले। 2. अनुच्छेद 371-D के तहत आंध्र प्रदेश और तेलंगाना राज्यों के संबंध में केंद्रीय विश्वविद्यालयों की स्थापना और शैक्षणिक संस्थानों में प्रवेश तथा राज्य सरकार के सेवाओं में स्थानीय कैडर के आरक्षण के लिए विशेष निर्देश देने की शक्ति राष्ट्रपति में निहित की गई है। 3. अनुच्छेद 371-F के अंतर्गत सिक्किम राज्य के संबंध में यह विशेष प्रावधान किया गया है कि सिक्किम के मूल निवासियों (लेप्चा, भूटिया आदि) के अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए राज्यपाल के पास कानून और व्यवस्था के रखरखाव के संबंध में अंतिम और विशेष उत्तरदायित्व है, जिसके लिए वह मंत्रिपरिषद की सलाह से स्वतंत्र होकर कार्य कर सकता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं? लक्षद्वीप समूह किस प्रकार के द्वीपों का उदाहरण है? भारतीय राजव्यवस्था और संविधान के संदर्भ में, भारतीय संविधान के 'भाग IX' (पंचायती राज - अनुच्छेद 243 से 243-O) तथा 73वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1992 के प्रावधानों के विषय में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. 73वें संविधान संशोधन अधिनियम द्वारा संविधान में एक नया ग्यारहवीं अनुसूची जोड़ी गई, जिसमें पंचायतों के प्रशासनिक नियंत्रण के लिए कुल 29 कार्यात्मक विषयों को सूचबद्ध किया गया है, और इन विषयों पर कानून बनाने की शक्ति अनन्य रूप से राज्य के विधानमंडल को प्रदान की गई है। 2. संविधान के अनुच्छेद 243-G के अंतर्गत पंचायतों को आर्थिक विकास और सामाजिक न्याय के लिए योजनाएं तैयार करने तथा उन्हें लागू करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है, किंतु इन योजनाओं को क्रियान्वित करने के लिए कर, शुल्क, और टोल (Tolls) लगाने की वित्तीय शक्तियां देना अनिवार्य (Mandatory) नहीं बल्कि राज्य विधानमंडल के विवेक पर निर्भर है। 3. संविधान के अनुच्छेद 243-I के अनुसार प्रत्येक राज्य के राज्यपाल द्वारा हर पांच वर्ष की समाप्ति पर एक 'वित्त आयोग' (Finance Commission) का गठन किया जाएगा, जो राज्य और पंचायतों के बीच करों, शुल्कों और फीसों के विभाजन के सिद्धांतों की संप्रभुता के साथ अंतिम रूप से समीक्षा करता है और इसके द्वारा की गई सिफारिशें राज्य सरकार के लिए कानूनी रूप से बाध्यकारी (Binding) होती हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं? भारतीय राजव्यवस्था और संविधान के संदर्भ में, भारतीय संविधान के 'भाग XVII' के अंतर्गत 'राजभाषा' (Official Language - अनुच्छेद 343 से 351) तथा उससे जुड़े संवैधानिक प्रावधानों के विषय में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. संविधान के अनुच्छेद 343 के अनुसार संघ की राजभाषा देवनागरी लिपि में हिंदी होगी, और संविधान के लागू होने के पश्चात पहले पंद्रह वर्षों की अवधि (अर्थात 1965 तक) तक सभी शासकीय प्रयोजनों के लिए अंग्रेजी भाषा का प्रयोग जारी रखा जाएगा, जिसे संसद द्वारा विधि बनाकर आगे भी बढ़ाया जा सकता था। 2. संविधान के अनुच्छेद 351 के अंतर्गत संघ का यह कर्तव्य होगा कि वह हिंदी भाषा का प्रसार बढ़ाए, उसका विकास करे ताकि वह भारत की सामासिक संस्कृति के सभी तत्वों की अभिव्यक्ति का माध्यम बन सके, और इसके विकास के लिए मुख्य रूप से संस्कृत भाषा से ही शब्द-संग्रह (Vocabulary) ग्रहण करे, जबकि अन्य भारतीय भाषाओं के शब्दों का प्रयोग प्रतिबंधित किया गया है। 3. अष्टम अनुसूची में मूल रूप से चौदह भाषाएँ शामिल थीं, जिन्हें बाद में विभिन्न संवैधानिक संशोधनों (जैसे 21वें, 71वें और 92वें संशोधन) के माध्यम से बढ़ाकर वर्तमान में बाईस कर दिया गया है, और किसी भी भाषा को इस अनुसूची में शामिल करने का अर्थ यह है कि वह देश की एकमात्र राष्ट्रीय भाषा का दर्जा प्राप्त कर लेती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं? भारत छोड़ो आंदोलन किस वर्ष में शुरू हुआ था?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.